औषधीय और सुगंधित पौधों की खेती बाजार तलाशने को लेकर हुई राष्ट्रीय संगोष्ठी

औषधीय और सुगंधित पौधों की खेती बाजार तलाशने को लेकर हुई राष्ट्रीय संगोष्ठी

जयपुर। नेशनल मेडिसिनल प्लांट्स बोर्ड, आयुष मंत्रालय, भारत सरकार और इंडियन चैंबर ऑफ कॉमर्स की ओर से साझा रूप से गुवाहाटी के एनइडीएफआई आयोजित हुए नेशनल सेमिनार में राजस्थान के कुचामनसिटी के प्रगतिशील किसान और एनएमपीबी सदस्य राकेश चौधरी भाग लिया।

सेमिनार में मेडिसिनल प्लांट्स की मार्केट संबंधी संभावनाओं पर 3 सत्रों का आयोजन हुआ। राकेश चौधरी ने भरोसा जताया है कि मंत्रालय द्वारा औषधीय पौधों की खेती और उनके मार्केट संबंधी समीकरणों को लेकर किये जा रहे इन प्रयासों और कार्यक्रमों से भविष्य में उल्लेखनीय परिणाम निकल कर सामने आएंगे, फलस्वरूप जड़ी बूटियों की खेती में हाथ आजमाने वाले किसानों को ही नहीं बल्कि हर्ब्स में डील करने वाली कंपनियों को भी लाभ होगा।

चौधरी ने नार्थ ईस्ट रीजन में औषधीय और सुगंधित पौधों की खेती विषयक सत्र में आयुष मंत्रालय के प्रतिनिधि के रूप में भाग लेकर बतौर वक्ता अपने अनुभवों को साझा किया।

यह भी पढ़ें- औषधीय गुणों से भरपूर है तंबाकू की ये किस्म, मिलेगा अधिक उत्पादन

सेमिनार में आयुष मंत्रालय, भारत सरकार के सचिव पद्मश्री वैध राजेश कोटेचा, पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्रालय, भारत सरकार के सचिव नवीन वर्मा, एनएमपीबी की मुख्य कार्यकारी अधिकारी प्रोफेसर तनुजा मनोज नेसरी सहित इस क्षेत्र से जुड़ी देशभर की बड़ी हस्तियां उपस्थित थीं।

यह भी पढ़ें- सतावर, एलोवेरा, तुलसी और मेंथा खरीदने वाली कम्पनियों और कारोबारियों के नाम और नंबर

नार्थ ईस्ट रीजन में भविष्य में मार्केटिंग के अवसर तलाशने से जुड़े इस तरह के अनूठे आयोजन में पतंजलि, औषधि, आईएमपीसीएल, डाबर, झंडू, विको, फेम, बैद्यनाथ, इमामी जैसी बड़ी फार्मास्यूटिकल कंपनियों के प्रतिनिधियों ने भी भाग लिया। सेमिनार कल जनवरी को हुआ।


More Stories


© 2019 All rights reserved.

Top