Farmers Death: बेमौसम बारिश से फसल हुई चौपट, खेत में ही दिल का दौरा पड़ने से किसान की मौत!
Gaon Connection | Apr 09, 2026, 10:31 IST
मथुरा में बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि ने रबी की फसलों को बुरी तरह प्रभावित किया है। प्रेम नगर गांव के किसान हीरालाल की फसलें बर्बाद होते देख उन्हें दिल का दौरा पड़ गया, जिससे उनकी मृत्यु हो गई। प्रशासन ने तत्काल पीड़ित परिवार को सहायता का आश्वासन दिया है।
बेमौसम बारिश से फसल बर्बाद-सांकेतिक तस्वीर
Farmer Dies in Mathura Due to Unseasonal Rain: उत्तर प्रदेश के मथुरा में बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से रबी की फसल को हुए भारी नुकसान को देखकर एक किसान की कथित तौर पर दिल का दौरा पड़ने से मौत हो गई। यह घटना प्रेम नगर गाँव में मंगलवार को हुई, जहाँ हाल की बारिश, तेज हवाओं और ओलों ने गेहूं सहित कई फसलों को बुरी तरह प्रभावित किया है। भारतीय किसान यूनियन (बीकेयू) के जिला अध्यक्ष मीरा सिंह के अनुसार, किसान हीरालाल अपनी क्षतिग्रस्त फसल देखकर गिर पड़े और उनकी संदिग्ध हार्ट अटैक से मौत हो गई।
घटना के बाद नायब तहसीलदार रूबी यादव ने मौके का दौरा किया। बीकेयू प्रतिनिधियों ने पीड़ित परिवार के लिए तत्काल वित्तीय सहायता की माँग की है। उप-जिलाधिकारी (मांट) रितु सिरोही ने बताया कि परिवार ने बिना पोस्टमार्टम के अंतिम संस्कार कर दिया। हालांकि, उन्होंने आश्वासन दिया कि प्रशासनिक सहायता परिवार तक पहुंचाने के प्रयास किए जाएंगे।
अधिकारियों ने बताया कि जिले के कई हिस्सों में हाल की बारिश और ओलावृष्टि ने गेहूं की फसलों को काफी नुकसान पहुंचाया है, जिससे किसान परेशान हैं। जिला मजिस्ट्रेट चंद्रप्रकाश सिंह ने प्रभावित किसानों से समय पर फसल बीमा योजना के तहत दावा फाइल करने का आग्रह किया है। उन्होंने कहा कि प्रशासन नुकसान का आकलन करने के लिए सर्वेक्षण कर रहा है और आगे की कार्रवाई के लिए सरकार को रिपोर्ट भेज रहा है।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को अधिकारियों को किसानों को तत्काल मुआवजा सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने बेमौसम बारिश, ओलावृष्टि और कुछ इलाकों में आग लगने की घटनाओं से रबी की फसलों को हुए नुकसान पर "गहरी चिंता" व्यक्त की। मुख्यमंत्री ने लखनऊ में एक उच्च-स्तरीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा, "ऐसी प्रतिकूल परिस्थितियों में किसानों का चिंतित होना स्वाभाविक है, और राज्य सरकार पूरी प्रतिबद्धता के साथ उनके साथ मजबूती से खड़ी है।"
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने गुरुवार तक मथुरा और आसपास के इलाकों में बारिश, गरज के साथ बौछारें और तेज हवाएं चलने की संभावना जताई है। विभाग ने इस क्षेत्र के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। यह बेमौसम बारिश किसानों के लिए एक बड़ी मुसीबत बनकर आई है, जिससे उनकी मेहनत पर पानी फिर गया है। कई किसान अपनी बर्बाद हुई फसलों को देखकर हताश हैं।
इस बीच, सरकार किसानों को राहत पहुंचाने के लिए कदम उठा रही है। जिला प्रशासन नुकसान का जायजा ले रहा है और प्रभावित किसानों को बीमा क्लेम करने की सलाह दे रहा है। मुख्यमंत्री ने भी तत्काल मुआवजे का भरोसा दिलाया है। यह घटना किसानों की दुर्दशा को उजागर करती है और ऐसे समय में सरकारी सहायता की आवश्यकता पर जोर देती है।
यह ध्यान देने योग्य है कि किसान हीरालाल की मौत ने इस मुद्दे को और गंभीर बना दिया है। उनकी पत्नी और बच्चों के लिए यह एक बहुत बड़ा सदमा है। बीकेयू ने सरकार से मांग की है कि ऐसे मामलों में तुरंत कार्रवाई की जाए और किसानों को आर्थिक मदद दी जाए ताकि वे फिर से खेती शुरू कर सकें। यह घटना एक बार फिर कृषि क्षेत्र की नाजुकता और किसानों के सामने आने वाली चुनौतियों को दर्शाती है।
घटना के बाद नायब तहसीलदार रूबी यादव ने मौके का दौरा किया। बीकेयू प्रतिनिधियों ने पीड़ित परिवार के लिए तत्काल वित्तीय सहायता की माँग की है। उप-जिलाधिकारी (मांट) रितु सिरोही ने बताया कि परिवार ने बिना पोस्टमार्टम के अंतिम संस्कार कर दिया। हालांकि, उन्होंने आश्वासन दिया कि प्रशासनिक सहायता परिवार तक पहुंचाने के प्रयास किए जाएंगे।
बारिश और ओलावृष्टि से गेहूं की बर्बाद
किसानों को तत्काल मुआवजा सुनिश्चित करे सरकार
बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट अभी भी बना हुआ
इस बीच, सरकार किसानों को राहत पहुंचाने के लिए कदम उठा रही है। जिला प्रशासन नुकसान का जायजा ले रहा है और प्रभावित किसानों को बीमा क्लेम करने की सलाह दे रहा है। मुख्यमंत्री ने भी तत्काल मुआवजे का भरोसा दिलाया है। यह घटना किसानों की दुर्दशा को उजागर करती है और ऐसे समय में सरकारी सहायता की आवश्यकता पर जोर देती है।