Rajasthan MSP: ओलावृष्टि व बरसात से खराब हुई फसल भी सरकारी कांटे पर तुलेगी, क्वालिटी मानकों में ढील देने के दिए निर्देश
Gaon Connection | Apr 05, 2026, 13:40 IST
बेमौसम बारिश से खराब हुए गेहूं को भी अब सरकार MSP पर खरीदेगी। यह फैसला कोटा में हुई एक अहम बैठक में लिया गया। सरकार ने क्वालिटी के नियमों में थोड़ी ढील दी है, ताकि ज्यादा से ज्यादा किसानों को फायदा मिल सके। सोमवार से सभी खरीद केंद्र पूरी तरह शुरू हो जाएंगे और किसानों का गेहूं बिना परेशानी MSP पर खरीदा जाएगा।
मौसम से प्रभावित गेहूं की भी होगी खरीद
राजस्थान में गेहूं खरीद को लेकर आ रही समस्याओं और किसानों की नाराजगी के बीच कोटा सर्किट हाउस में उच्च स्तरीय बैठक आयोजित की गई। बैठक में ओम बिरला और हीरालाल नागर ने अधिकारियों के साथ स्थिति की समीक्षा करते हुए गेहूं के बड़े पैमाने पर रिजेक्शन पर नाराजगी जताई। निर्णय लिया गया कि बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से प्रभावित गेहूं को भी MSP पर खरीदा जाएगा और क्वालिटी मानकों में ढील दी जाएगी। इसके लिए केंद्र स्तर पर निर्देश जारी कर दिए गए हैं और जल्द ही आधिकारिक आदेश आने की उम्मीद है। सोमवार से सभी खरीद केंद्र पूरी क्षमता से संचालित होंगे और किसानों का 100 प्रतिशत गेहूं MSP पर खरीदा जाएगा।
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने स्पष्ट किया कि किसानों की उपज के संपूर्ण गेहूं की सरकारी खरीद की जाएगी। बेमौसम बारिश से बदरंग या सिकुड़ा हुआ गेहूं भी सरकारी कांटे पर तुलेगा। उन्होंने कहा, "सोमवार से पूरे केंद्र चालू होंगे और आवंटन भी दोगुना किया जाएगा।" यह फैसला किसानों को बड़ी राहत देगा, जो मौसम की मार झेल रहे हैं।
ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर ने बूंदी में 25 में से 11 सैंपल रिजेक्ट हुए गेहूं के सैंपल को अपने साथ लेकर आए। उन्होंने अधिकारियों से जवाब मांगा कि इतने सैंपल क्यों रिजेक्ट किए गए। मंत्री ने कहा, "बरसात से गेहूं की क्वालिटी में रिलेक्स दिया जाए, केंद्र पर माल रिजेक्ट ना हो, बारदाने की समस्या नहीं हो।" उन्होंने यह भी कहा कि किसानों को परेशान करना बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
ओम बिरला ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि सोमवार से सभी खरीद केंद्र पूरी क्षमता के साथ संचालित हों और किसानों का 100 प्रतिशत गेहूं MSP पर खरीदा जाए। उन्होंने अगले सात दिनों में अतिरिक्त बारदाने की व्यवस्था, अवकाश के दिनों में भी वेयरहाउस खुले रखने और हर किसान को स्लॉट देने के निर्देश दिए। भामाशाह मंडी में कंट्रोल रूम स्थापित करने को भी कहा गया।
ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर ने बताया कि हाड़ौती में उत्पादन ज्यादा हुआ है। बाजार में गेहूं 2200 रुपए बिक रहा है, जबकि सरकार 150 रुपए बोनस के साथ 2700 रुपए क्विंटल में खरीद रही है। उन्होंने कहा, "हमारी भजन लाल सरकार किसानों को हर संभव सुविधा देगी, ताकि खरीद पर कोई समस्या नहीं हो।" प्रदेश का 21 लाख मैट्रिक टन का कोटा डबल कर दिया गया है और जरूरत पड़ने पर और बढ़ाया जाएगा।
बैठक के बाद ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर ने भामाशाह मंडी का निरीक्षण किया और किसानों की समस्याएं सुनीं। किसानों ने खरीद केन्द्र पर क्वालिटी को लेकर आ रही दिक्कतों के बारे में बताया। मंत्री ने अधिकारियों को ऐसे मामलों में संवेदनशीलता बरतने और समाधान के निर्देश दिए। बुजुर्ग किसानों के लिए बायोमेट्रिक में ढील दी जाएगी, जिससे परिवार के सदस्य प्रक्रिया पूरी कर सकेंगे।
गुणवत्ता मानकों में ढील के निर्देश
ऊर्जा मंत्री ने उठाए सवाल, सैंपल लेकर पहुंचे
संसदीय क्षेत्र कोटा स्थित कार्यालय में आज क्षेत्रवासियों से भेंट कर उनकी समस्याएं सुनीं। संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रत्येक प्रकरण का प्राथमिकता से समाधान हो और लोगों को अनावश्यक प्रतीक्षा न करनी पड़े। हमारा प्रयास है कि हर व्यक्ति की बात सुनी जाए और समय पर उसका समाधान… pic.twitter.com/r45MIEeuJq
— Om Birla (@ombirlakota) April 5, 2026