Farmer ID: रामपुर बना प्रदेश का पहला शत-प्रतिशत फार्मर आईडी वाला जिला
Gaon Connection | Mar 18, 2026, 16:40 IST
किसानों की आय बढ़ाने और सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने के लिए फार्मर आईडी बनाने का विशेष अभियान चल रहा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर यह अभियान 31 मार्च तक चलेगा। रामपुर जिले ने शत-प्रतिशत फार्मर आईडी बनाकर प्रदेश में पहला स्थान हासिल किया है। इस आईडी से किसानों को कई सरकारी योजनाओं का लाभ आसानी से मिलेगा।
31 मार्च तक हर जिले को दिया गया सभी आईडी बनाने का लक्ष्य
प्रदेश के किसानों की आय बढ़ाने एवं सरकार की योजनाओं का लाभ दिलाने के उद्देश्य से अभियान चलाकर फार्मर रजिस्ट्री (फार्मर आईडी) बनाई जा रही है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश के किसानों की शत प्रतिशत फार्मर आईडी बनाने के लिए 1 जनवरी से अभियान चलाने के निर्देश दिए थे, यह 31 मार्च तक जारी रहेगा। ऐसे में किसानों के घर-घर जाकर फार्मर आईडी बनाई जा रही है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर 1 जनवरी से पूरे प्रदेश में यह अभियान चलाया जा रहा है, जिसका लक्ष्य 31 मार्च तक सभी किसानों की आईडी बनाना है। इस उपलब्धि में रामपुर पहले स्थान पर है, जबकि गाजियाबाद दूसरे और अंबेडकरनगर तीसरे स्थान पर रहा। यह अभियान किसानों की आय बढ़ाने और सरकारी योजनाओं का लाभ उन तक आसानी से पहुँचाने के लिए चलाया जा रहा है।
प्रदेश के किसानों की आय बढ़ाने और सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने के मकसद से फार्मर रजिस्ट्री (Farmer ID) बनाने का विशेष अभियान चलाया जा रहा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 1 जनवरी से शुरू हुए इस अभियान को 31 मार्च तक पूरा करने के निर्देश दिए थे। इस अभियान के तहत किसानों के घर-घर जाकर उनकी फार्मर आईडी बनाई जा रही है।
इसी क्रम में, रामपुर जिला प्रशासन ने तय समय सीमा से पहले ही अपने जिले के सभी किसानों की 100 प्रतिशत फार्मर आईडी बनाने का लक्ष्य हासिल कर लिया है। इस सफलता के साथ रामपुर ने प्रदेश में पहला स्थान प्राप्त किया है। वहीं, गाजियाबाद दूसरे और अंबेडकरनगर तीसरे स्थान पर रहे। उत्तर प्रदेश में कुल 2,88,70,495 किसानों की फार्मर आईडी बनाने का लक्ष्य रखा गया है, जिसमें से अब तक 1,99,42,798 फार्मर रजिस्ट्री बनाई जा चुकी हैं।
रामपुर के जिलाधिकारी अजय कुमार द्विवेदी ने बताया कि, जिले में शत-प्रतिशत फार्मर आईडी बनाने के लिए 1 जनवरी से एक विशेष अभियान चलाया गया। इस लक्ष्य को पूरा करने के लिए किसानों को जागरूक करने के लिए कई तरीके अपनाए गए। गाँवों में किसान गोष्ठी, सांस्कृतिक कार्यक्रम, होर्डिंग, और ग्राम पंचायत स्तर पर खुली चौपाल का आयोजन किया गया।
इसके अलावा, प्रचार वाहन और वॉल पेंटिंग के माध्यम से भी जोर-शोर से प्रचार-प्रसार किया गया। साथ ही, राजस्व, कृषि, पंचायती राज, ग्राम्य विकास और गन्ना विभाग के कर्मचारियों को निर्देश दिए गए कि वे किसानों के घर-घर जाकर उनकी फार्मर आईडी बनाएं। जिलाधिकारी ने बताया कि वह खुद हर हफ्ते इस अभियान की समीक्षा करते थे। अच्छा काम करने वाले कर्मचारियों को प्रोत्साहित किया गया, जबकि कम प्रगति दिखाने वाले कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की गई।
जिलाधिकारी अजय कुमार द्विवेदी ने बताया कि रामपुर के लिए 31 मार्च तक कुल 2,09,828 फार्मर रजिस्ट्री बनाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया था। इस लक्ष्य को 17 मार्च तक ही शत-प्रतिशत पूरा कर लिया गया। उन्होंने बताया कि रामपुर ने लक्ष्य के अनुसार 2,09,828 फार्मर आईडी पूरी कर ली हैं और इस तरह प्रदेश में पहला स्थान हासिल किया है।
फार्मर रजिस्ट्री (Farmer ID) बनवाने के कई फायदे हैं। इससे किसानों को किसान सम्मान निधि योजना का लाभ बिना किसी रुकावट के मिलेगा। किसानों को खाद भी आसानी से और सही दाम पर मिलेगी। किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) बनवाने के लिए बार-बार कागजात जाँचने की झंझट खत्म हो जाएगी। राज्य और केंद्र सरकार की नई योजनाओं में शामिल होने के लिए भी बार-बार कागजात सत्यापन की जरूरत नहीं पड़ेगी। एग्रीस्टैक (AgriStack) में शामिल होने पर, डिजीटल क्रॉप सर्वे के जरिए किसान अपनी उपज को न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर आसानी से और जल्दी बेच सकेंगे।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर 1 जनवरी से पूरे प्रदेश में यह अभियान चलाया जा रहा है, जिसका लक्ष्य 31 मार्च तक सभी किसानों की आईडी बनाना है। इस उपलब्धि में रामपुर पहले स्थान पर है, जबकि गाजियाबाद दूसरे और अंबेडकरनगर तीसरे स्थान पर रहा। यह अभियान किसानों की आय बढ़ाने और सरकारी योजनाओं का लाभ उन तक आसानी से पहुँचाने के लिए चलाया जा रहा है।
प्रदेश भर में चल रहा है कार्यक्रम
इसी क्रम में, रामपुर जिला प्रशासन ने तय समय सीमा से पहले ही अपने जिले के सभी किसानों की 100 प्रतिशत फार्मर आईडी बनाने का लक्ष्य हासिल कर लिया है। इस सफलता के साथ रामपुर ने प्रदेश में पहला स्थान प्राप्त किया है। वहीं, गाजियाबाद दूसरे और अंबेडकरनगर तीसरे स्थान पर रहे। उत्तर प्रदेश में कुल 2,88,70,495 किसानों की फार्मर आईडी बनाने का लक्ष्य रखा गया है, जिसमें से अब तक 1,99,42,798 फार्मर रजिस्ट्री बनाई जा चुकी हैं।
किसानों को किया गया जागरूक
रामपुर जिलाधिकारी अजय कुमार द्विवेदी
इसके अलावा, प्रचार वाहन और वॉल पेंटिंग के माध्यम से भी जोर-शोर से प्रचार-प्रसार किया गया। साथ ही, राजस्व, कृषि, पंचायती राज, ग्राम्य विकास और गन्ना विभाग के कर्मचारियों को निर्देश दिए गए कि वे किसानों के घर-घर जाकर उनकी फार्मर आईडी बनाएं। जिलाधिकारी ने बताया कि वह खुद हर हफ्ते इस अभियान की समीक्षा करते थे। अच्छा काम करने वाले कर्मचारियों को प्रोत्साहित किया गया, जबकि कम प्रगति दिखाने वाले कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की गई।
रामपुर में बने 2,09,828 फार्मर आईडी
फार्मर रजिस्ट्री (Farmer ID) बनवाने के कई फायदे हैं। इससे किसानों को किसान सम्मान निधि योजना का लाभ बिना किसी रुकावट के मिलेगा। किसानों को खाद भी आसानी से और सही दाम पर मिलेगी। किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) बनवाने के लिए बार-बार कागजात जाँचने की झंझट खत्म हो जाएगी। राज्य और केंद्र सरकार की नई योजनाओं में शामिल होने के लिए भी बार-बार कागजात सत्यापन की जरूरत नहीं पड़ेगी। एग्रीस्टैक (AgriStack) में शामिल होने पर, डिजीटल क्रॉप सर्वे के जरिए किसान अपनी उपज को न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर आसानी से और जल्दी बेच सकेंगे।