Retail Inflation: मार्च में खुदरा महंगाई बढ़कर 3.4% पर पहुंची, जानें क्या हुआ महंगा और क्या सस्ता?
Gaon Connection | Apr 13, 2026, 18:33 IST
मार्च 2026 में खुदरा महंगाई दर ने 3.4 प्रतिशत की नई ऊंचाई हासिल की। यह बढ़ोतरी मुख्यतः खाद्य वस्तुओं की कीमतों में उछाल और पश्चिम एशिया के संकट के कारण आई है। खाद्य कीमतों में भी 3.87 प्रतिशत की वृद्धि देखी गई है।
मार्च में महंगाई का खेल, टमाटर-फूलगोभी महंगे, प्याज-आलू सस्ते
मार्च (2026) महीने में खुदरा महंगाई दर (Retail Inflation) मामूली बढ़कर 3.4 प्रतिशत पर पहुंच गई, जो फरवरी में 3.21 प्रतिशत थी। सरकार द्वारा सोमवार को जारी आंकड़ों के अनुसार, कुछ खाद्य पदार्थों की कीमतों में बढ़ोतरी और पश्चिम एशिया में जारी संकट के असर के चलते महंगाई में यह हल्की बढ़त दर्ज की गई है। NSO देशभर के सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को कवर करते हुए 1,407 शहरी बाजारों (ऑनलाइन बाजार सहित) और 1,465 गांवों से रियल-टाइम मूल्य डेटा एकत्र करता है। मार्च में खुदरा महंगाई में मामूली बढ़ोतरी जरूर हुई है, लेकिन यह अभी भी RBI के तय लक्ष्य के भीतर बनी हुई है, जिससे अर्थव्यवस्था के लिए संतुलित स्थिति बनी हुई है।
उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (CPI) पर आधारित खाद्य महंगाई मार्च में 3.87 प्रतिशत रही, जो फरवरी में 3.47 प्रतिशत थी। राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (NSO) द्वारा जारी यह खुदरा महंगाई का आंकड़ा 2024 को आधार वर्ष मानकर तैयार की गई नई श्रृंखला पर आधारित है। हालांकि, मार्च का CPI भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के 4 प्रतिशत के मध्य लक्ष्य से नीचे ही बना हुआ है।
मार्च के दौरान सोने-चांदी के आभूषण, नारियल (कॉप्रा), टमाटर और फूलगोभी में महंगाई अधिक देखी गई।
वहीं, प्याज, आलू, लहसुन, अरहर दाल और चना में महंगाई दर नकारात्मक रही, यानी इनकी कीमतों में गिरावट दर्ज की गई।
‘बिजली, गैस और अन्य ईंधन’ श्रेणी में महंगाई दर मार्च में 1.65 प्रतिशत रही, जो फरवरी में 1.52 प्रतिशत थी। ग्रामीण क्षेत्रों में महंगाई दर 3.63 प्रतिशत और शहरी क्षेत्रों में 3.11 प्रतिशत दर्ज की गई। वहीं मार्च 2026 में हाउसिंग (आवास) महंगाई दर 2.11 प्रतिशत रही।
राज्यों के स्तर पर देखें तो तेलंगाना में सबसे अधिक 5.83 प्रतिशत महंगाई दर्ज की गई, जबकि मिजोरम में यह सबसे कम 0.66 प्रतिशत रही।
ASSOCHAM के अध्यक्ष निर्मल के. मिंडा ने CPI आंकड़ों पर टिप्पणी करते हुए कहा, “अंतरराष्ट्रीय कच्चे तेल की कीमतों में तेज बढ़ोतरी के बावजूद पेट्रोल और डीजल की कीमतों को स्थिर रखना सरकार का सराहनीय कदम है, जिससे महंगाई को नियंत्रित रखने में मदद मिली है।”
वहीं ICRA की मुख्य अर्थशास्त्री अदिति नायर ने कहा, “मार्च में CPI महंगाई दर फरवरी के मुकाबले बढ़कर 3.4 प्रतिशत हो गई, जो पश्चिम एशिया संकट के शुरुआती प्रभाव को दर्शाती है। वर्ष-दर-वर्ष महंगाई में यह बढ़ोतरी मुख्य रूप से खाद्य और बिजली, गैस एवं अन्य ईंधन समूहों की वजह से हुई है, जिसमें LPG और वैकल्पिक ईंधनों पर पश्चिम एशिया संकट का असर दिखाई देता है।”
खाद्य महंगाई और CPI के आंकड़े
किन वस्तुओं में बढ़ी महंगाई
| क्र.सं. | वस्तु | वेटेज | फरवरी 2026 महंगाई (%) | मार्च 2026 महंगाई (%) |
|---|---|---|---|---|
| 1 | चांदी के आभूषण | 0.3127 | 160.88 | 148.61 |
| 2 | सोना/हीरा/प्लैटिनम आभूषण | 0.6230 | 48.17 | 45.92 |
| 3 | नारियल (कॉप्रा) | 0.0854 | 46.16 | 45.52 |
| 4 | टमाटर | 0.4961 | 45.18 | 35.99 |
| 5 | फूलगोभी | 0.2330 | 43.76 | 34.11 |
किन वस्तुओं में घटी महंगाई
| क्र.सं. | वस्तु | वेटेज | फरवरी 2026 महंगाई (%) | मार्च 2026 महंगाई (%) |
|---|---|---|---|---|
| 1 | प्याज | 0.7006 | -28.20 | -27.76 |
| 2 | आलू | 0.7549 | -18.47 | -18.98 |
| 3 | लहसुन | 0.3738 | -31.10 | -10.18 |
| 4 | अरहर (तूर दाल) | 0.5333 | -16.00 | -9.56 |
| 5 | मटर/चना | 0.0516 | -8.26 | -7.87 |
ग्रामीण-शहरी और अन्य सेक्टर का हाल
राज्यों में महंगाई का अंतर
विशेषज्ञों की राय
वहीं ICRA की मुख्य अर्थशास्त्री अदिति नायर ने कहा, “मार्च में CPI महंगाई दर फरवरी के मुकाबले बढ़कर 3.4 प्रतिशत हो गई, जो पश्चिम एशिया संकट के शुरुआती प्रभाव को दर्शाती है। वर्ष-दर-वर्ष महंगाई में यह बढ़ोतरी मुख्य रूप से खाद्य और बिजली, गैस एवं अन्य ईंधन समूहों की वजह से हुई है, जिसमें LPG और वैकल्पिक ईंधनों पर पश्चिम एशिया संकट का असर दिखाई देता है।”