Weather Update: ओलावृष्टि का अलर्ट, बागवानी करने वाले किसान ओले से कैसे बचाएँ अपनी फसलें ?
Preeti Nahar | Jan 23, 2026, 09:49 IST
मौसम विभाग ने उत्तर भारत के लिए चेतावनी जारी की है। 23 जनवरी को पश्चिमी यूपी, राजस्थान, पंजाब, हरियाणा और दिल्ली में ओलावृष्टि के साथ-साथ तेज हवाएं चलने वाली हैं। पहाड़ी इलाकों में बर्फबारी का भी अलर्ट है और तापमान में गिरावट की पूरी संभावना है। जानिए किसानों के लिए मौमस विभाग की क्या है सलाह ?
Rain Update In North India
Weather Update 23 January: भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 23 जनवरी और आने वाले दिनों के लिए उत्तर भारत के लिए मौसम की बड़ी चेतावनी जारी की है। भूमध्य सागर पैदा होने वाले मौसमी तूफान (पश्चिमी विक्षोभ) से मैदानी और पहाड़ी इलाकों में मौसम में भारी बदलाव आएगा। 23 जनवरी को पश्चिमी उत्तर प्रदेश, राजस्थान, पंजाब, हरियाणा और दिल्ली में गरज-चमक के साथ ओले गिरने और तेज हवाएं चलने की संभावना है। पश्चिमी विक्षोभ के कारण पश्चिमी उत्तर प्रदेश, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, पंजाब और राजस्थान में कहीं-कहीं ओलावृष्टि हो सकती है। राजस्थान में भी 24 से 26 जनवरी तक सुबह और रात के समय घने कोहरे की चादर देखने को मिल सकती है।
मौसम विभाग के अनुसार, 23 जनवरी को उत्तर भारत के मैदानी इलाकों में मौसम काफी हलचल भरा रहेगा। इन राज्यों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं भी चलेंगी। पूर्वी उत्तर प्रदेश में भी 23 और 24 जनवरी को मौसम बदलेगा, जहां 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने और गरज के साथ बिजली चमकने की संभावना है। बारिश के बाद 24 जनवरी से मैदानी इलाकों में घना कोहरा छाएगा और तापमान गिरेगा। किसानों और पशुपालकों के लिए विशेष सलाह जारी की गई है।
23 जनवरी को हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के ऊंचाई वाले इलाकों में भारी बारिश और बर्फबारी का अनुमान है। मौसम विभाग ने इन दोनों राज्यों के कुछ हिस्सों में 'कोल्ड डे' यानी दिन में भी कड़ाके की ठंड रहने की चेतावनी दी है। जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में भी 22 और 23 जनवरी को बारिश और बर्फबारी जारी रहने के आसार हैं।
उत्तर-पश्चिम भारत में अगले 24 घंटों में न्यूनतम तापमान में थोड़ी बढ़ोतरी होगी, लेकिन उसके बाद अगले दो दिनों में तापमान में 2 से 4 डिग्री सेल्सियस की गिरावट आएगी, जिससे ठंड का असर फिर बढ़ेगा। मध्य भारत में भी अगले दो दिनों के बाद तापमान में 3-4 डिग्री की गिरावट दर्ज की जा सकती है।
बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि की आशंका को देखते हुए मौसम वैज्ञानिकों ने किसानों के लिए विशेष सलाह जारी की है। जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और पंजाब के किसानों को सलाह दी गई है कि वे गेहूं, सरसों, चना और सब्जियों के खेतों में पानी जमा न होने दें और अतिरिक्त पानी को निकालने की तुरंत व्यवस्था करें। उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश में, जहां फसलें पक चुकी हैं, किसानों को कटी हुई उपज को तुरंत सुरक्षित स्थानों पर रखने के लिए कहा गया है।
इसके अलावा, जम्मू-कश्मीर, हिमाचल, उत्तराखंड, पंजाब, हरियाणा, पश्चिमी उत्तर प्रदेश और राजस्थान में बागवानी करने वाले किसानों को ओलों से फसल बचाने के लिए 'हेल नेट' (जाल) का उपयोग करने की सलाह दी गई है। तेज हवाओं से फलों के पौधों और सब्जियों को बचाने के लिए उन्हें लकड़ी या बांस का सहारा देने को भी कहा गया है। पशुपालकों को भी सतर्क रहने की जरूरत है। भारी बारिश और ओलावृष्टि के दौरान जानवरों को बाड़े के अंदर ही रखें और उनके चारे को भीगने से बचाने के लिए सुरक्षित स्थान पर स्टोर करें।