गाँव पोस्टकार्ड : ग्रामीण पूरे गाँव को क्यूं लगा देते थे आग?
पहले गाँवों का जीवन कैसा था? गाँवों के झगड़े निपटाने के लिए कैसे लगती थी पंचायतें? गाँवों की सुनहरी यादों को अपनी पुस्तक ‘गाँव से 20 पोस्टकार्ड’ में सहेजा है वैज्ञानिक और शिक्षाविद् डॉ. शिवबालक मिसरा ने। इस पुस्तक में डॉ. शिवबालक मिसरा के अनुभवों और उनके ग्रामीण जीवन के बारे में विस्तार से बात की नीलेश मिसरा ने। इस वीडियो में आप जानेंगे गाँवों में पहले कैसे न्याय व्यवस्था काम करती थी? और किस तरह की सज़ा का प्रावधान था?
