अंकुर मित्तल ने मिश्रित टीम के शानदार प्रदर्शन के बाद रजत पदक जीता

अंकुर मित्तल ने मिश्रित टीम के शानदार प्रदर्शन के बाद रजत पदक जीताअंकुर मित्तल।

नई दिल्ली (भाषा)। भारत के लिए दो निराशाजनक दिन के बाद खुशी का मौका आया जब अंकुर मित्तल ने आज यहां आईएसएसएफ विश्व कप में मैराथन डबल ट्रैप फाइनल में रजत पदक अपने नाम किया और उनसे पहले जीतू राय और हीना सिद्धू ने 10 मीटर मिश्रित टीम एयर पिस्टल स्पर्धा में जीत दर्ज की। चौबीस वर्षीय मित्तल पोडियम में दूसरे स्थान पर रहे, वह स्वर्ण पदक विजेता आस्ट्रेलियाई जेम्स विलेट से एक अंक पीछे 74 अंक पर रहे। ग्रेट ब्रिटेन के स्टीवन स्कॉट 56 अंक से तीसरे स्थान पर रहे। साथी संग्राम दहिया भी शीर्ष छह में शामिल थे लेकिन वह फाइनल में केवल 24 अंक ही जुटा सके। नए नियमों के अनुसार 50-शाट की डबल ट्रैप स्पर्धा को बढ़ाकर 80-शाट की कर दिया गया है जिसमें छह निशानेबाजों के फाइनल में 30वें शाट के बाद एलिमिनेशन शुरू हो जाता है।

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पंद्रह वर्षीय शपथ भारद्वाज सीनियर टीम के साथ पहले विश्व कप में कट में प्रवेश नहीं कर सके जो 137 अंक का था। वह क्वालीफाइंग चरण में 132 अंक के स्कोर से 10वें स्थान पर रहे। शाटगन कोच मार्सेलो द्रादी ने भारद्वाज के प्रदर्शन को दिन का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करार किया और उन्होंने मित्तल को विलेट के साथ इस स्पर्धा में दुनिया के सर्वश्रेष्ठ निशानेबाज में से एक करार किया। एशियाई चैम्पियन मित्तल स्वर्ण पदक की दौड़ में थे लेकिन अंतिम चरण में लगातार तीन शाट चूकने से वह दूसरे स्थान पर रहे जिससे आस्ट्रेलियाई निशानेबाज पहले स्थान पर रहा जो केवल एक निशाना चूका।

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मित्तल ने कहा, ‘‘इस नियम के अंतर्गत यह पहली प्रतियोगिता थी। प्रदर्शन अच्छा था, यहां पर यह मेरा पदक है। यह सोचकर बुरा लगता है कि डबल ट्रैप स्पर्धा को हटा दिया जा सकता है लेकिन यह कम से कम अगले साल राष्ट्रमंडल और एशियाई खेलों तक तो है, इसलिए मैं इस पर ध्यान लगा रहा हूं। जो मिश्रित ट्रैप स्पर्धा शामिल की गई है, वह इतनी कारगर होती नहीं दिख रही है। देखते हैं कि वे क्या फैसला करते हैं।'' उन्होंने कहा, ‘‘अंत में तीन शाट चूक गया क्योंकि काफी दबाव था। मैंने जैसा प्रदर्शन किया, उससे खुश हूं। ''

शार्ट सर्किट के कारण बिजली गुल हो गई थी इसलिए मिश्रित स्पर्धा एक घंटे देर से शुरू हुई, जिसमें जीतू और हीना ने 10 मीटर मिश्रित टीम एयर पिस्टल में जीत दर्ज की, हालांकि मिश्रित स्पर्धा को आईओसी के 2020 तोक्यो ओलंपिक कार्यक्रम में लिंग समानता हासिल करने के उद्देश्य से ट्रायल के तौर पर इस्तेमाल किया जा रहा है, इसलिए इसमें पदक नहीं दिए गए जबकि अंतरराष्ट्रीय निशानेबाजी खेल महासंघ (आईएसएसएफ) की कार्यकारी समिति ने इसकी सिफारिशों को मंजूर कर लिया है। भारत की तेजस्विनी सावंत महिलाओं की 50 मीटर राइफल थ्री पाजीशंस स्पर्धा के फाइनल में 402.4 अंक के स्कोर से सातवें स्थान पर रहीं। विश्व कप में मिश्रित स्पर्धा शनिवार को 10 मी एयर राइफल स्पर्धा से शुरु हुई जिसमें चीन ने जापान को पछाड़ते हुए स्वर्ण पदक जीता। इस स्पर्धा में सामंजस्य बिठाना अहम भूमिका निभाता है. राय ने हीना के साथ मिलकर जापान के युकारी कोनिशी और तोमोयुकी मातसुदा को 5-3 से पछाड़ा।

स्लोवेनिया के नाफास्वान यांगपाईबून और केविन वेंटा तीसरे स्थान पर रहे। सेमीफाइनल चरण में वे पिछड रहे थे लेकिन उन्होंने शानदार जज्बा दिखाकर वापसी की और स्वर्ण पदक के मुकाबले में पहुंच गये। दुनिया की पूर्व नंबर एक हीना ने स्पर्धा के बाद कहा, ‘‘यह अच्छा था, बहुत दिलचस्प था। इसके बारे में राय अभी भी अलग अलग हैं क्योंकि यह शुरुआती दौर में है। इसमें समय लगेगा। लेकिन हमें इसके लिए तैयारी शुरु कर देनी होगी, हम मान कर चल रहे हैं कि यह ओलंपिक और विश्व चैम्पियनशिप का हिस्सा होगी।'' विश्व चैम्पियनशिप और एशियाई खेलों के रजत पदकधारी जीतू ने कहा, ‘‘यह कैसे काम करता है, मैं इससे जानने की कोशिश कर रहा हूं। जहां तक सांमजस्य बिठाने की बात है तो हमें अभी थोड़ी मुश्किल आ रही है, लेकिन एक बार नियम स्पष्ट हो जाएंगे तो यह हमारे लिए बेहतर हो जाएगा।'' अभिनव बिंद्रा की अगुवाई वाली आईएसएसएफ एथलीट समिति ने मिश्रित स्पर्धा को शामिल करने की सिफारिश की थी और विश्व संचालन संस्था ने भी इस प्रस्ताव को तुंरत मंजूर कर लिया था।

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