Kanchan Pant

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गांव कनेक्शन


  • इस गांव में पक्षियों की भाषा में बात करते हैं लोग, यूनेस्को की हेरीटेज लिस्ट में शामिल

    'पंछी बनूं, उड़ती फिरूं आज गगन में…' पक्षियों की तरह उड़ने का अरमान तो शायद आपका पूरा ना हो, लेकिन पक्षियों की तरह बात बात करना चाहते हैं, तो मुमकिन है। दुनिया में एक जगह है, जहां लोग बर्ड लैंग्वेज, यानी पक्षियों की भाषा में बात करते हैं। ये जगह है टर्की का गिरेसुन प्रांत। करीब 10 हज़ार की आबादी...

  • वीडियो : सकट चौथ पर एक बेटी का माँ के नाम ख़त

    वुमन इंपावरमेंट, औरतों की बराबरी की बात हम सब करते हैं। बड़े-बड़े भाषण, गोष्ठियां, आंदोलन... ये अपनी जगह ठीक है, लेकिन क्या हम सच में औरतों की ज़िंदगी को समझते हैं ? उनके छोटे-छोटे संघर्ष, छोटी छोटी मुश्किलें, जो अक्सर हमें मुद्दे लगते भी नहीं, बड़े-बड़े मुद्दों के पीछे दुबके हुए ऐसे ही छोटे-छोटे...

  • कंचन पत : एक नास्तिक के लिए आस्था के मायने

    अल्मोड़ा (उत्तराखंड)। पहाड़ की एक सुस्त, शांत सुबह में एक खूबसूरत नज़ारे को देखकर अनजाने ही क़दम उस ओर बढ़ गए। नथ-मांगटीका लगाए, रंगवाली पिछौड़ा पहने, सोलह श्रृंगार किए, सजी-धजी औरतों सिर पर कलश लिए रोड के किनारे चली जा रही थीं। इसे कलश यात्रा कहते हैं।मंदिर में मूर्ति स्थापित करनी हो, मंदिर की...

  • पत्थरों की नक्काशी: सिर्फ कला नहीं, कारीगरों की ज़िंदगी भी ख़तरे में

    छह बाई आठ के उस कमरे में आए हुए हमें सिर्फ पांच मिनट हुए थे, लेकिन महसूस हो रहा था जैसे उस दमघोंटू माहौल में हम कई महीनों से बंद हैं। मध्यम रोशनी वाले उस कमरे में दो कारीगर लकड़ी के टुकड़ों को खूबसूरत खिलोनों का रूप देने में लगे हुए थे, उससे जो बुरादा निकल रहा था वो हवा में घुल-मिल गया था, इस हद तक...

  • #स्वयंफेस्टिवल: ‘इंटरनेट साथी’ बनी और फिर ज़िंदगी बदल गई

    कम्यूनिटी जर्नलिस्ट: वीरेंद्र शुक्ला. सहयोग: संजू सिंह (इंटरनेट साथी)गोड़ैचा (सीतापुर)। दिल्ली से करीब 500 किलोमीटर दूर गोड़ैचा क़स्बे में जमा हुई 35 लड़कियों और महिलाओं को उनके जानने वाले अब इंटरनेट साथी कहते हैं. 19 से 35 साल के बीच की इन महिलाओं के जीवन में इंटरनेट एक ख़ास तरह का बदलाव लाया...

  • #स्वयंफेस्टिवल: लड़कियों ने कहा “हम भी बनेंगी पावर एंजल”

    वेदान्त प्रताप सिंहसुल्तानपुर. सुल्तानपुर के लम्बुआ के सर्वोदय इंटर कॉलेज में यूपी पुलिस ने बच्चों को उनके और उनकी परिवार की सुरक्षा के लिए चलाई जा रही मुहीम की जानकारी दी. इसमें 1090 और चाइल्ड हेल्पलाइन आदि की जानकारी शामिल साथ ही बच्चों को पहली बार पावर एंजल्स के बारे में भी जानकारी दी गई.एसआई...

  • #स्वयंफेस्टिवल: खेल-खेल में बच्चों ने सीखी बड़ी बातें

    स्वयं डेस्ककम्यूनिटी जर्नलिस्ट: रिषभ मिश्राशाहजहांपुर. शहर के राय विष्णु दयाल स्कूल में सेवा निवृत अध्यापक श्री राम सागर अवस्थी जब गीदड़ और हिरण की दोस्ती की कहानी सुना रहे थे तो क्लास के बच्चे मंत्रमुग्ध होकर उन्हें सुन रहे थे। शाहजहांपुर के इस स्कूल में पहली से लेकर पांचवी क्लास के बच्चों के लिए...

  • #स्वयंफेस्टिवल: जादू के ज़रिए लोगों को जागरूक करने की कोशिश

    सीतापुर. सीतापुर के अल्लीपुर गाँव में सैकड़ों लोग इकठ्ठा होकर जादू देख रहे थे लेकिन इस जादू का मकसद महज मनोरंजन नहीं था. गाँव कनेक्शन फाउंडेशन के स्वयं फेस्टिवल में लोगों को विभिन्न सामाजिक विषयों पर जागरूक करने के लिए मैजिक शो का सहारा लिया गया.मैजिक शो के दौरान मौजूद महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों...

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