दिल्ली सरकार ने शुरू किया पांच दिवसीय रेस्क्यू अभियान, बेघर और असहाय लोगों को पहुंचाया जाएगा आश्रय गृह
Gaon Connection | May 11, 2026, 12:38 IST
दिल्ली की सरकार ने एक आवश्यक पहल के तहत बेघर और गरीब लोगों के लिए पांच दिवसीय रेस्क्यू अभियान की शुरुआत की है। यह अभियान 11 से 15 मई तक चलेगा, जिसमें 19 रेस्क्यू गाड़ियां शहर के कोनों में जाकर जरूरतमंदों की पहचान करेंगी और उन्हें सुरक्षित आश्रय तक लाएंगी।
दिल्ली में बेघरों के लिए विशेष मुहिम
दिल्ली सरकार ने राजधानी में रहने वाले बेघर, असहाय और जरूरतमंद लोगों के लिए सोमवार से विशेष पांच दिवसीय रेस्क्यू अभियान शुरू किया है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने इस अभियान के तहत रेस्क्यू वैन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस पहल का उद्देश्य सड़कों और सार्वजनिक स्थानों पर रहने वाले बेघर लोगों की पहचान कर उन्हें सुरक्षित आश्रय गृहों तक पहुंचाना है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि इस अभियान के दौरान बेघर और बेसहारा लोगों को “अपना घर आश्रम” संस्था द्वारा संचालित आश्रय गृहों में ले जाया जाएगा, जहां उनके रहने, खाने और देखभाल की उचित व्यवस्था की जाएगी। उन्होंने कहा कि पहले पांच दिनों तक अभियान का आकलन किया जाएगा और जरूरत पड़ने पर रेस्क्यू वैन की संख्या बढ़ाई जाएगी।
यह अभियान दिल्ली सरकार के समाज कल्याण विभाग, अपना घर आश्रम और सेवा भारती दिल्ली प्रांत के संयुक्त सहयोग से चलाया जा रहा है। समाज कल्याण मंत्री रविंद्र इंद्राज सिंह ने बताया कि यह विशेष अभियान 11 मई से 15 मई तक राष्ट्रीय राजधानी के सभी 13 जिलों में चलाया जाएगा। उन्होंने कहा कि इस अभियान का मकसद शहर के अलग-अलग हिस्सों में रहने वाले जरूरतमंद, असहाय और बेसहारा लोगों को रेस्क्यू कर उन्हें आश्रय गृहों तक पहुंचाना है, जहां उनके इलाज, देखभाल और पुनर्वास की व्यवस्था की जाएगी।
सरकार के मुताबिक पूरे दिल्ली में रेस्क्यू अभियान के लिए 19 वाहनों को तैनात किया गया है। इन वाहनों की मदद से विभिन्न इलाकों में रहने वाले बेघर लोगों की पहचान की जाएगी और उन्हें सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जाएगा। समाज कल्याण मंत्री ने बताया कि इस पांच दिवसीय अभियान के दौरान 300 से अधिक लोगों को सहायता मिलने की उम्मीद है। सरकार का कहना है कि यह पहल केवल अस्थायी राहत तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि जरूरतमंद लोगों के पुनर्वास और सामाजिक सुरक्षा पर भी ध्यान दिया जाएगा।
दिल्ली में बढ़ती गर्मी और मौसम में बदलाव के बीच सरकार का यह अभियान खास महत्व रखता है। सड़कों पर रहने वाले बुजुर्ग, मानसिक रूप से अस्वस्थ और जरूरतमंद लोगों को तेज गर्मी, बारिश और दूसरी परेशानियों से बचाने के लिए यह कदम उठाया गया है। सरकार का कहना है कि भविष्य में इस तरह के अभियानों को और व्यापक स्तर पर चलाने की योजना बनाई जाएगी।