मौसम का बदलेगा मिज़ाज! अगले 7 दिन कई राज्यों में भारी बारिश और तेज़ हवाओं का दौर, जानें अपने राज्य का हाल
Gaon Connection | Aug 21, 2026, 16:25 IST
भारत मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार, 21 से 27 अगस्त के बीच देश के कई हिस्सों में बारिश का दौर जारी रहेगा। उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, बिहार, ओडिशा, पश्चिम बंगाल, पूर्वोत्तर राज्यों, कोंकण-गोवा और दक्षिण भारत के कई हिस्सों में व्यापक बारिश की संभावना है। कई राज्यों में अलग-अलग स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश का पूर्वानुमान है। उत्तराखंड, दक्षिण भारत और अन्य क्षेत्रों में गरज, बिजली और तेज़ हवाओं की भी संभावना जताई गई है।
पहाड़ों से लेकर मैदानी इलाकों तक बारिश
भारत मौसम विज्ञान विभाग के राष्ट्रीय मौसम पूर्वानुमान केंद्र ने 21 अगस्त को जारी अखिल भारतीय मौसम सारांश एवं पूर्वानुमान बुलेटिन में देश के कई हिस्सों में बारिश का दौर जारी रहने का पूर्वानुमान जताया है। बुलेटिन के अनुसार, 21 से 27 अगस्त के बीच उत्तर-पश्चिम, मध्य, पूर्व, पूर्वोत्तर, पश्चिम और दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत के अलग-अलग हिस्सों में हल्की से व्यापक बारिश होने की संभावना है। जम्मू-कश्मीर-लद्दाख में 21 से 23 अगस्त के दौरान काफ़ी व्यापक से व्यापक बारिश, हिमाचल प्रदेश में 21 से 22 अगस्त के दौरान काफ़ी व्यापक बारिश और उत्तराखंड में 21 से 27 अगस्त के दौरान काफ़ी व्यापक से व्यापक बारिश का पूर्वानुमान है। हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली में 21 से 22 अगस्त तथा उत्तर प्रदेश में 22 से 24 अगस्त के दौरान काफ़ी व्यापक से व्यापक बारिश की संभावना जताई गई है। उत्तराखंड में 21 से 27 अगस्त के दौरान अलग-अलग स्थानों पर गरज और बिजली चमकने की भी संभावना है, जबकि 21 से 22 अगस्त के दौरान जम्मू-कश्मीर-लद्दाख-गिलगित-बाल्टिस्तान-मुज़फ़्फ़राबाद, हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली, हिमाचल प्रदेश तथा पंजाब में और 21 से 27 अगस्त के दौरान उत्तराखंड में अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश का पूर्वानुमान है।
मध्य भारत में भी 21 से 27 अगस्त तक बारिश का दौर बने रहने की संभावना है। पश्चिम मध्य प्रदेश में 21 से 25 अगस्त, पूर्वी मध्य प्रदेश में 21 से 26 अगस्त, विदर्भ में 23 से 25 अगस्त और छत्तीसगढ़ में 21 से 27 अगस्त के दौरान काफ़ी व्यापक से व्यापक बारिश होने की संभावना है। पश्चिम मध्य प्रदेश में 26 से 27 अगस्त, पूर्वी मध्य प्रदेश में 27 अगस्त तथा विदर्भ में 21 से 22 और 26 से 27 अगस्त को अलग-अलग स्थानों पर छिटपुट बारिश हो सकती है। छत्तीसगढ़, पूर्वी मध्य प्रदेश और पश्चिम मध्य प्रदेश में 21 से 25 अगस्त के दौरान गरज और बिजली चमकने की संभावना है। पश्चिम मध्य प्रदेश में 21 से 25 अगस्त, पूर्वी मध्य प्रदेश में 23 से 26 अगस्त और छत्तीसगढ़ में 21 से 27 अगस्त के दौरान अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश का पूर्वानुमान है। छत्तीसगढ़ में 21 से 27 अगस्त के दौरान तथा पूर्वी मध्य प्रदेश में 21 से 22 अगस्त के दौरान अलग-अलग स्थानों पर बहुत भारी बारिश की भी संभावना जताई गई है।
जम्मू-कश्मीर-लद्दाख-गिलगित-बाल्टिस्तान-मुज़फ़्फ़राबाद में 21 से 23 अगस्त के दौरान काफ़ी व्यापक से व्यापक बारिश होने की संभावना है। हिमाचल प्रदेश में 21 से 22 अगस्त के दौरान काफ़ी व्यापक बारिश तथा 23 से 27 अगस्त के दौरान अलग-अलग स्थानों पर छिटपुट बारिश का पूर्वानुमान है। उत्तराखंड में 21 से 27 अगस्त के दौरान काफ़ी व्यापक से व्यापक बारिश के साथ अलग-अलग स्थानों पर गरज और बिजली चमकने की संभावना है। हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली में 21 से 22 अगस्त तथा उत्तर प्रदेश में 22 से 24 अगस्त के दौरान काफ़ी व्यापक से व्यापक बारिश हो सकती है। उत्तर-पश्चिम भारत के बाकी हिस्सों में अलग-अलग स्थानों पर छिटपुट बारिश की संभावना है।
भारी बारिश की बात करें तो 21 से 22 अगस्त के दौरान जम्मू-कश्मीर-लद्दाख-गिलगित-बाल्टिस्तान-मुज़फ़्फ़राबाद, हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली, हिमाचल प्रदेश तथा पंजाब में अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है। उत्तराखंड में 21 से 27 अगस्त के दौरान अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश का पूर्वानुमान है। 22 अगस्त को जम्मू-कश्मीर-लद्दाख-गिलगित-बाल्टिस्तान-मुज़फ़्फ़राबाद और उत्तर प्रदेश में भी अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश की संभावना जताई गई है।
मध्य भारत में पश्चिम मध्य प्रदेश में 21 से 25 अगस्त और पूर्वी मध्य प्रदेश में 21 से 26 अगस्त तक काफ़ी व्यापक से व्यापक बारिश होने की संभावना है। विदर्भ में 23 से 25 अगस्त और छत्तीसगढ़ में 21 से 27 अगस्त तक भी काफ़ी व्यापक से व्यापक बारिश का पूर्वानुमान है। पश्चिम मध्य प्रदेश में 26 से 27 अगस्त, पूर्वी मध्य प्रदेश में 27 अगस्त तथा विदर्भ में 21 से 22 और 26 से 27 अगस्त के दौरान अलग-अलग स्थानों पर छिटपुट बारिश हो सकती है। 21 से 25 अगस्त के दौरान छत्तीसगढ़, पूर्वी मध्य प्रदेश और पश्चिम मध्य प्रदेश में अलग-अलग स्थानों पर गरज और बिजली चमकने की संभावना है।
पूर्वी भारत में अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, गंगीय पश्चिम बंगाल तथा उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में 21 से 27 अगस्त तक काफ़ी व्यापक से व्यापक बारिश का पूर्वानुमान है। झारखंड और ओडिशा में 22 से 27 अगस्त तथा बिहार में 22 से 24 अगस्त के दौरान भी काफ़ी व्यापक से व्यापक बारिश हो सकती है। झारखंड और ओडिशा में 21 अगस्त तथा बिहार में 21 अगस्त और 25 से 27 अगस्त के दौरान अलग-अलग स्थानों पर छिटपुट बारिश की संभावना है। गंगीय पश्चिम बंगाल में 21 अगस्त को गरज और बिजली चमकने की संभावना है। अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में 21 अगस्त, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में 21 से 26 अगस्त तथा गंगीय पश्चिम बंगाल में 21 अगस्त और 24 से 25 अगस्त के दौरान अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है। झारखंड में 20 से 23 अगस्त और बिहार में 22 से 25 अगस्त के दौरान भारी बारिश का पूर्वानुमान है। ओडिशा में 22 से 23 अगस्त के दौरान अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश के साथ 24 से 27 अगस्त के दौरान बहुत भारी बारिश की संभावना है। गंगीय पश्चिम बंगाल में 21 अगस्त को मध्यम से तेज़ बिजली गतिविधि की भी संभावना है।
पूर्वोत्तर भारत में अरुणाचल प्रदेश में 21 अगस्त तथा 26 से 27 अगस्त के दौरान काफ़ी व्यापक से व्यापक बारिश होने की संभावना है। असम और मेघालय तथा नागालैंड, मणिपुर, मिज़ोरम और त्रिपुरा में 21 से 23 अगस्त तथा 25 से 27 अगस्त के दौरान काफ़ी व्यापक से व्यापक बारिश का पूर्वानुमान है। अरुणाचल प्रदेश में 22 से 25 अगस्त के दौरान अलग-अलग स्थानों पर छिटपुट बारिश हो सकती है। असम और मेघालय में 21 से 27 अगस्त तथा नागालैंड, मणिपुर, मिज़ोरम और त्रिपुरा में 21 से 24 अगस्त के दौरान अलग-अलग स्थानों पर छिटपुट बारिश की संभावना है। अरुणाचल प्रदेश में 21 अगस्त तथा 23 से 27 अगस्त, असम और मेघालय में 21 से 27 अगस्त और नागालैंड, मणिपुर, मिज़ोरम और त्रिपुरा में 21 से 24 अगस्त के दौरान अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश का पूर्वानुमान है।
पश्चिम भारत में कोंकण और गोवा में 21 से 27 अगस्त तथा मध्य महाराष्ट्र में 26 अगस्त को काफ़ी व्यापक से व्यापक बारिश होने की संभावना है। मध्य महाराष्ट्र में 21 से 25 अगस्त और 27 अगस्त के दौरान अलग-अलग स्थानों पर छिटपुट बारिश का पूर्वानुमान है। गुजरात क्षेत्र, मराठवाड़ा तथा सौराष्ट्र और कच्छ में 21 से 27 अगस्त के दौरान अलग-अलग स्थानों पर छिटपुट बारिश हो सकती है।
दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत में तटीय आंध्र प्रदेश और यनम, उत्तर आंतरिक कर्नाटक, रायलसीमा, दक्षिण आंतरिक कर्नाटक, तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल तथा तेलंगाना में 21 से 27 अगस्त के दौरान अलग-अलग स्थानों पर छिटपुट बारिश की संभावना है। तटीय कर्नाटक, केरल और माहे तथा लक्षद्वीप में इसी अवधि के दौरान काफ़ी व्यापक से व्यापक बारिश होने का पूर्वानुमान है। तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में 21 से 23 अगस्त, उत्तर आंतरिक कर्नाटक में 21 से 24 अगस्त तथा तटीय आंध्र प्रदेश और यनम तथा रायलसीमा में 21 से 25 अगस्त के दौरान अलग-अलग स्थानों पर गरज, बिजली चमकने और तेज़ हवाओं की संभावना है। इन क्षेत्रों में हवा की गति 40-50 किलोमीटर प्रति घंटा से बढ़कर 60 किलोमीटर प्रति घंटा तक झोंकों के साथ पहुंच सकती है। तटीय कर्नाटक और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में 21 से 25 अगस्त के दौरान 30-40 किलोमीटर प्रति घंटा की गति से झोंकों के साथ तेज़ हवाएं चल सकती हैं, जिनकी गति 50 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है।
भारी बारिश का पूर्वानुमान तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में 24 से 25 अगस्त, केरल और माहे में 23 से 25 अगस्त तथा तटीय कर्नाटक और उत्तर आंतरिक कर्नाटक में 23 से 24 अगस्त के दौरान अलग-अलग स्थानों के लिए है। इसके अलावा तटीय आंध्र प्रदेश और यनम, रायलसीमा तथा दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में 21 से 25 अगस्त और उत्तर आंतरिक कर्नाटक में 21 से 24 अगस्त के दौरान तेज़ सतही हवाओं की संभावना है।
मछुआरों के लिए अरब सागर में 26 अगस्त तक सोमालिया और ओमान तट के आसपास तथा पश्चिम-मध्य अरब सागर के अधिकांश हिस्सों और दक्षिण-पश्चिम अरब सागर के कुछ हिस्सों में जाने की स्थिति में चेतावनी जारी की गई है। 21 और 25 अगस्त को उत्तरी अरब सागर के कुछ हिस्सों तथा 24 अगस्त तक पूर्व-मध्य अरब सागर के कुछ हिस्सों में भी स्थिति अनुकूल नहीं रहने का पूर्वानुमान है। केरल, लक्षद्वीप क्षेत्र और कोमोरिन क्षेत्र के आसपास 23 से 26 अगस्त तक भी चेतावनी है। बंगाल की खाड़ी में मन्नार की खाड़ी के कुछ हिस्सों से सटे कोमोरिन क्षेत्र, श्रीलंका के दक्षिणी तट से सटे दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी के कुछ हिस्सों और अंडमान सागर में 26 अगस्त तक स्थिति को लेकर चेतावनी है। दक्षिण-पूर्व बंगाल की खाड़ी से सटे दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी के कुछ हिस्सों में 21 अगस्त, उत्तरी आंध्र प्रदेश के तटों के आसपास तथा पश्चिम-मध्य बंगाल की खाड़ी के कुछ हिस्सों में 22 से 26 अगस्त के दौरान भी मछुआरों के लिए चेतावनी जारी की गई है।
मध्य भारत में भी 21 से 27 अगस्त तक बारिश का दौर बने रहने की संभावना है। पश्चिम मध्य प्रदेश में 21 से 25 अगस्त, पूर्वी मध्य प्रदेश में 21 से 26 अगस्त, विदर्भ में 23 से 25 अगस्त और छत्तीसगढ़ में 21 से 27 अगस्त के दौरान काफ़ी व्यापक से व्यापक बारिश होने की संभावना है। पश्चिम मध्य प्रदेश में 26 से 27 अगस्त, पूर्वी मध्य प्रदेश में 27 अगस्त तथा विदर्भ में 21 से 22 और 26 से 27 अगस्त को अलग-अलग स्थानों पर छिटपुट बारिश हो सकती है। छत्तीसगढ़, पूर्वी मध्य प्रदेश और पश्चिम मध्य प्रदेश में 21 से 25 अगस्त के दौरान गरज और बिजली चमकने की संभावना है। पश्चिम मध्य प्रदेश में 21 से 25 अगस्त, पूर्वी मध्य प्रदेश में 23 से 26 अगस्त और छत्तीसगढ़ में 21 से 27 अगस्त के दौरान अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश का पूर्वानुमान है। छत्तीसगढ़ में 21 से 27 अगस्त के दौरान तथा पूर्वी मध्य प्रदेश में 21 से 22 अगस्त के दौरान अलग-अलग स्थानों पर बहुत भारी बारिश की भी संभावना जताई गई है।
उत्तर-पश्चिम भारत में बारिश और भारी बारिश का पूर्वानुमान
भारी बारिश की बात करें तो 21 से 22 अगस्त के दौरान जम्मू-कश्मीर-लद्दाख-गिलगित-बाल्टिस्तान-मुज़फ़्फ़राबाद, हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली, हिमाचल प्रदेश तथा पंजाब में अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है। उत्तराखंड में 21 से 27 अगस्त के दौरान अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश का पूर्वानुमान है। 22 अगस्त को जम्मू-कश्मीर-लद्दाख-गिलगित-बाल्टिस्तान-मुज़फ़्फ़राबाद और उत्तर प्रदेश में भी अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश की संभावना जताई गई है।
मध्य और पूर्वी भारत में कई दिनों तक बारिश
पूर्वी भारत में अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, गंगीय पश्चिम बंगाल तथा उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में 21 से 27 अगस्त तक काफ़ी व्यापक से व्यापक बारिश का पूर्वानुमान है। झारखंड और ओडिशा में 22 से 27 अगस्त तथा बिहार में 22 से 24 अगस्त के दौरान भी काफ़ी व्यापक से व्यापक बारिश हो सकती है। झारखंड और ओडिशा में 21 अगस्त तथा बिहार में 21 अगस्त और 25 से 27 अगस्त के दौरान अलग-अलग स्थानों पर छिटपुट बारिश की संभावना है। गंगीय पश्चिम बंगाल में 21 अगस्त को गरज और बिजली चमकने की संभावना है। अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में 21 अगस्त, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में 21 से 26 अगस्त तथा गंगीय पश्चिम बंगाल में 21 अगस्त और 24 से 25 अगस्त के दौरान अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है। झारखंड में 20 से 23 अगस्त और बिहार में 22 से 25 अगस्त के दौरान भारी बारिश का पूर्वानुमान है। ओडिशा में 22 से 23 अगस्त के दौरान अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश के साथ 24 से 27 अगस्त के दौरान बहुत भारी बारिश की संभावना है। गंगीय पश्चिम बंगाल में 21 अगस्त को मध्यम से तेज़ बिजली गतिविधि की भी संभावना है।
पूर्वोत्तर और पश्चिम भारत में बारिश का दौर
पश्चिम भारत में कोंकण और गोवा में 21 से 27 अगस्त तथा मध्य महाराष्ट्र में 26 अगस्त को काफ़ी व्यापक से व्यापक बारिश होने की संभावना है। मध्य महाराष्ट्र में 21 से 25 अगस्त और 27 अगस्त के दौरान अलग-अलग स्थानों पर छिटपुट बारिश का पूर्वानुमान है। गुजरात क्षेत्र, मराठवाड़ा तथा सौराष्ट्र और कच्छ में 21 से 27 अगस्त के दौरान अलग-अलग स्थानों पर छिटपुट बारिश हो सकती है।
दक्षिण भारत में बारिश के साथ तेज़ हवाओं की संभावना
भारी बारिश का पूर्वानुमान तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में 24 से 25 अगस्त, केरल और माहे में 23 से 25 अगस्त तथा तटीय कर्नाटक और उत्तर आंतरिक कर्नाटक में 23 से 24 अगस्त के दौरान अलग-अलग स्थानों के लिए है। इसके अलावा तटीय आंध्र प्रदेश और यनम, रायलसीमा तथा दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में 21 से 25 अगस्त और उत्तर आंतरिक कर्नाटक में 21 से 24 अगस्त के दौरान तेज़ सतही हवाओं की संभावना है।
मछुआरों के लिए अरब सागर में 26 अगस्त तक सोमालिया और ओमान तट के आसपास तथा पश्चिम-मध्य अरब सागर के अधिकांश हिस्सों और दक्षिण-पश्चिम अरब सागर के कुछ हिस्सों में जाने की स्थिति में चेतावनी जारी की गई है। 21 और 25 अगस्त को उत्तरी अरब सागर के कुछ हिस्सों तथा 24 अगस्त तक पूर्व-मध्य अरब सागर के कुछ हिस्सों में भी स्थिति अनुकूल नहीं रहने का पूर्वानुमान है। केरल, लक्षद्वीप क्षेत्र और कोमोरिन क्षेत्र के आसपास 23 से 26 अगस्त तक भी चेतावनी है। बंगाल की खाड़ी में मन्नार की खाड़ी के कुछ हिस्सों से सटे कोमोरिन क्षेत्र, श्रीलंका के दक्षिणी तट से सटे दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी के कुछ हिस्सों और अंडमान सागर में 26 अगस्त तक स्थिति को लेकर चेतावनी है। दक्षिण-पूर्व बंगाल की खाड़ी से सटे दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी के कुछ हिस्सों में 21 अगस्त, उत्तरी आंध्र प्रदेश के तटों के आसपास तथा पश्चिम-मध्य बंगाल की खाड़ी के कुछ हिस्सों में 22 से 26 अगस्त के दौरान भी मछुआरों के लिए चेतावनी जारी की गई है।