सितंबर से जेब पर बढ़ा खर्च, LPG से दूध और कारों तक बदले दाम, जानिए क्या-क्या हुआ महंगा
Mansi | Sept 01, 2026, 15:33 IST
इस सितंबर से कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर और मुंबई में थोक दूध की कीमतों में बढ़ोतरी हुई है, जिससे जनजीवन पर असर पड़ा है। सीएनजी और पीएनजी की कीमतों में इजाफा होने के चलते वाहन चलाने और घरेलू गैस के उपयोग का खर्च भी बढ़ गया है। टाटा मोटर्स ने अपने यात्री वाहनों की कीमतों में ₹25,000 तक की वृद्धि की है, जिससे ग्राहक चिंतित हैं।
सितंबर से LPG, दूध, CNG और कारों की कीमतों में बदलाव का असर आम लोगों की जेब पर पड़ेगा
सितंबर की शुरुआत आम लोगों के लिए कई बदलाव लेकर आई है। 1 सितंबर 2026 से कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में बढ़ोतरी हुई है। मुंबई में थोक दूध भी महंगा हो गया है। इसके अलावा सीएनजी और पीएनजी की कीमतों में बढ़ोतरी से वाहन चलाने और घर में गैस इस्तेमाल करने का खर्च बढ़ा है।
वहीं, कार खरीदने की तैयारी कर रहे लोगों के लिए भी सितंबर का पहला दिन बदलाव लेकर आया है। टाटा मोटर्स ने यात्री वाहनों की कीमतों में ₹25,000 तक की बढ़ोतरी की है। दूसरी ओर, एटीएफ महंगा होने से विमान कंपनियों की लागत बढ़ सकती है, जिसका असर आगे हवाई किरायों पर पड़ने की संभावना है।
तेल कंपनियों ने 19 किलो वाले कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में बढ़ोतरी की है। इंडियनऑयल के मुताबिक़ अगस्त में कोलकाता में 19 किलो सिलेंडर की कीमत ₹2,872.50 थी। सितंबर में यह बढ़कर ₹2,884 हो गई है। यानी यहाँ कीमत में ₹11.50 की बढ़ोतरी हुई है। इसका सीधा असर होटल, रेस्टोरेंट, ढाबे और कैटरिंग जैसे कारोबारों की लागत पर पड़ सकता है। हालांकि, 14.2 किलो वाले घरेलू एलपीजी सिलेंडर की कीमत में इस बदलाव के तहत बढ़ोतरी नहीं की गई है।
मुंबई में 1 सितंबर से थोक दूध की कीमत ₹9 प्रति लीटर बढ़ गई है। बॉम्बे मिल्क प्रोड्यूसर्स एसोसिएशन के फैसले के बाद कीमत ₹93 से बढ़कर ₹102 प्रति लीटर हो गई है। नई दर 28 फरवरी 2027 तक लागू रहने की बात कही गई है।
इस बढ़ोतरी का असर आगे खुदरा दूध की कीमतों पर पड़ सकता है। दूध महंगा होने से दही, पनीर और मिठाई जैसे डेयरी उत्पादों की लागत भी बढ़ने की संभावना है।
एलपीजी ग्राहकों के लिए e-KYC भी चर्चा में है। 31 अगस्त तक e-KYC पूरी करने को लेकर तेल कंपनियों की ओर से ग्राहकों को कहा गया था। जिन उपभोक्ताओं ने अभी तक प्रक्रिया पूरी नहीं की है, उन्हें अपनी गैस एजेंसी या संबंधित तेल कंपनी से स्थिति की पुष्टि कर लेनी चाहिए। सब्सिडी या कनेक्शन पर असर कंपनी के लागू नियमों पर निर्भर करेगा, इसलिए इसे लेकर किसी एक स्थिति को सभी ग्राहकों पर लागू मानना सही नहीं होगा।
नई कार खरीदने वालों के लिए भी खर्च बढ़ा है। टाटा मोटर्स ने यात्री वाहनों की कीमतों में ₹25,000 तक की बढ़ोतरी की है। कंपनी की आधिकारिक सूचना में इस कीमत बढ़ोतरी की पुष्टि की गई है। कितनी बढ़ोतरी होगी, यह वाहन के मॉडल और वेरिएंट पर निर्भर करेगा। इसलिए कार खरीदने से पहले नई कीमत की जानकारी लेना जरूरी होगा।
मुंबई और आसपास के इलाक़ों में सीएनजी की कीमत में ₹2 प्रति किलो की बढ़ोतरी हुई है। इसके बाद सीएनजी की कीमत ₹88 प्रति किलो बताई गई है। घरेलू पीएनजी की कीमत भी ₹1 प्रति SCM बढ़कर ₹53 प्रति SCM हो गई है। इसका असर सीएनजी से चलने वाले ऑटो, टैक्सी और निजी वाहनों के रोज़ाना खर्च पर पड़ सकता है। वहीं पीएनजी इस्तेमाल करने वाले परिवारों के गैस बिल में भी बढ़ोतरी होगी।
1 सितंबर से एविएशन टर्बाइन फ्यूल यानी एटीएफ की कीमत में भी बढ़ोतरी हुई है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार इसमें ₹6.28 प्रति लीटर यानी 5.46 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। हवाई ईंधन एयरलाइन कंपनियों के प्रमुख खर्चों में शामिल है। इसलिए एटीएफ महंगा होने से कंपनियों की परिचालन लागत बढ़ सकती है। हालांकि, इसका पूरा असर टिकट की कीमतों पर पड़ेगा या नहीं, यह एयरलाइनों के फैसले पर निर्भर करेगा।
इन बदलावों का असर हर व्यक्ति पर एक जैसा नहीं पड़ेगा। कमर्शियल गैस और दूध की कीमतों में बढ़ोतरी का असर कारोबार और घरेलू बजट पर पड़ सकता है, जबकि सीएनजी और पीएनजी की बढ़ी कीमतें मुंबई क्षेत्र में रहने वाले उपभोक्ताओं को प्रभावित करेंगी। कार खरीदने वालों के लिए टाटा की नई कीमतें महत्वपूर्ण हैं। वहीं एटीएफ की बढ़ी कीमत पर आने वाले दिनों में एयरलाइन कंपनियों के किराये और परिचालन खर्च की तस्वीर साफ़ हो सकती है।
वहीं, कार खरीदने की तैयारी कर रहे लोगों के लिए भी सितंबर का पहला दिन बदलाव लेकर आया है। टाटा मोटर्स ने यात्री वाहनों की कीमतों में ₹25,000 तक की बढ़ोतरी की है। दूसरी ओर, एटीएफ महंगा होने से विमान कंपनियों की लागत बढ़ सकती है, जिसका असर आगे हवाई किरायों पर पड़ने की संभावना है।
कमर्शियल LPG सिलेंडर हुआ महंगा
मुंबई में दूध ₹9 प्रति लीटर महंगा
इस बढ़ोतरी का असर आगे खुदरा दूध की कीमतों पर पड़ सकता है। दूध महंगा होने से दही, पनीर और मिठाई जैसे डेयरी उत्पादों की लागत भी बढ़ने की संभावना है।
LPG e-KYC को लेकर रहें सावधान
टाटा की कारें ₹25,000 तक महंगी
CNG और PNG के दाम बढ़े
एटीएफ महंगा होने से हवाई सफर पर असर संभव
इन बदलावों का असर हर व्यक्ति पर एक जैसा नहीं पड़ेगा। कमर्शियल गैस और दूध की कीमतों में बढ़ोतरी का असर कारोबार और घरेलू बजट पर पड़ सकता है, जबकि सीएनजी और पीएनजी की बढ़ी कीमतें मुंबई क्षेत्र में रहने वाले उपभोक्ताओं को प्रभावित करेंगी। कार खरीदने वालों के लिए टाटा की नई कीमतें महत्वपूर्ण हैं। वहीं एटीएफ की बढ़ी कीमत पर आने वाले दिनों में एयरलाइन कंपनियों के किराये और परिचालन खर्च की तस्वीर साफ़ हो सकती है।