यूपी रोडवेज की बसों पर 24x7 नजर! घर बैठे देख सकेंगे लाइव लोकेशन, इस ऐप से करें लाइव ट्रैकिंग
Gaon Connection | May 20, 2026, 15:01 IST
उत्तर प्रदेश में रोडवेज बसों का सफर अब पहले से कहीं ज्यादा सुरक्षित हो गया है। योगी सरकार ने परिवहन व्यवस्था को तकनीक से जोड़कर यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित की है। 13,500 से अधिक बसों में लाइव ट्रैकिंग सिस्टम लगाया गया है, जिससे हर बस की गतिविधियों पर चौबीसों घंटे नजर रखी जा रही है।
यूपी रोडवेज में हाईटेक सुरक्षा सिस्टम लागू
उत्तर प्रदेश में अब रोडवेज बसों का सफर पहले से ज्यादा सुरक्षित और तकनीक आधारित होता जा रहा है। योगी सरकार सड़क दुर्घटनाओं को कम करने और यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए परिवहन व्यवस्था को तेजी से डिजिटल बना रही है। इसी कड़ी में उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम (यूपीएसआरटीसी) ने अपनी हजारों बसों को लाइव ट्रैकिंग सिस्टम से जोड़ दिया है, जिससे हर बस की गतिविधियों पर चौबीसों घंटे नजर रखी जा रही है। प्रदेश में प्रतिदिन 16 लाख से अधिक यात्री रोडवेज बसों में सफर करते हैं। यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए निगम की 13,500 से अधिक बसों में व्हीकल लोकेशन ट्रैकिंग डिवाइस (VLTD) लगाए गए हैं। इन बसों की निगरानी लखनऊ स्थित कमांड एंड कंट्रोल सेंटर से की जा रही है।
यूपीएसआरटीसी के अधिकारियों के मुताबिक बसों की लोकेशन ट्रैक करने के साथ-साथ ड्राइवरों की गतिविधियों पर भी नजर रखी जा रही है। इसके लिए मुख्यालय का कमांड सेंटर और प्रदेश के 20 रीजनल मॉनिटरिंग सेंटर 24 घंटे सक्रिय रहते हैं। इन केंद्रों से यह देखा जा रहा है कि बस कहीं ओवरस्पीड तो नहीं चल रही, अचानक तेज ब्रेक तो नहीं लगाए जा रहे, तेज रफ्तार में खतरनाक मोड़ तो नहीं लिया जा रहा या बस तय रूट से हटकर तो नहीं जा रही। हर दिन इसकी रिपोर्ट तैयार की जाती है और लापरवाही मिलने पर संबंधित ड्राइवर को चेतावनी या कार्रवाई का सामना करना पड़ता है। सरकार का दावा है कि इस डिजिटल मॉनिटरिंग सिस्टम से सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने में मदद मिल रही है।
यात्रियों की सुरक्षा के लिए बसों में पैनिक बटन की सुविधा भी दी गई है। किसी हादसे, विवाद या आपात स्थिति में यात्री या स्टाफ पैनिक बटन दबाकर तुरंत मदद मांग सकते हैं। बटन दबते ही अलर्ट सीधे यूपीएसआरटीसी कमांड सेंटर और यूपी पुलिस कंट्रोल रूम तक पहुंच जाता है। इसके बाद संबंधित कंडक्टर और विभागीय अधिकारियों से संपर्क कर तत्काल मदद पहुंचाने की प्रक्रिया शुरू कर दी जाती है। निगम के अनुसार हर दिन 5 हजार से ज्यादा अलर्ट सिस्टम में दर्ज होते हैं, जिन पर जरूरत के अनुसार कार्रवाई की जाती है।
यूपीएसआरटीसी ने यात्रियों की सुविधा के लिए ‘मार्गदर्शी’ पोर्टल और निगम की वेबसाइट पर “Track My Bus” सुविधा भी शुरू की है। इसके जरिए यात्री घर बैठे बस की लाइव लोकेशन देख सकते हैं। इससे यात्रियों को बस के समय, रूट और पहुंचने की जानकारी आसानी से मिल सकेगी और बस स्टैंड पर लंबे इंतजार की परेशानी भी कम होगी।
योगी सरकार प्रदेश की परिवहन व्यवस्था को पूरी तरह आधुनिक और पारदर्शी बनाने की दिशा में लगातार काम कर रही है। लाइव ट्रैकिंग, पैनिक बटन और कमांड सेंटर मॉनिटरिंग जैसी सुविधाओं के जरिए सरकार यात्रियों को सुरक्षित और भरोसेमंद सफर देने पर जोर दे रही है।