Monsoon Diet: बरसात में कौन-सी सब्जियाँ और फल खाएँ, किनसे रखें सावधानी? डाइटिशियन से जानिए सही खानपान
Mansi | Aug 04, 2026, 16:31 IST
बरसात के मौसम में खानपान के मामले में सावधानी बरतना बेहद आवश्यक है क्योंकि थोड़ी सी लापरवाही से पेट की समस्याएँ हो सकती हैं। हरी पत्तेदार सब्जियों को पानी से अच्छे से धोकर और पकाकर खाना चाहिए। पत्ता गोभी, फूलगोभी और खीरे जैसी सब्जियाँ बिना पकाने या धोए खाने से बचना चाहिए। अंकुरित अनाज की सफाई पर ध्यान देना चाहिए और ताजे फलों का सेवन करना चाहिए।
बरसात के मौसम में फल और सब्ज़ियों को अच्छी तरह धोकर ही खाने की सलाह।
बरसात का मौसम गर्मी से राहत तो देता है, लेकिन अपने साथ कई स्वास्थ्य संबंधी चुनौतियाँ भी लेकर आता है। इस मौसम में नमी बढ़ने के कारण बैक्टीरिया, फफूंद (Fungus) और अन्य सूक्ष्मजीव तेजी से पनपते हैं। ऐसे में खानपान में थोड़ी-सी लापरवाही भी पेट से जुड़ी समस्याओं, फूड पॉइज़निंग और संक्रमण का कारण बन सकती है। इसलिए इस मौसम में यह जानना ज़रूरी है कि कौन-सी सब्जियाँ और फल सुरक्षित तरीके से खाए जाएँ और किन खाद्य पदार्थों के सेवन में अतिरिक्त सावधानी बरती जाए।
स्वरूप रानी नेहरू चिकित्सालय, प्रयागराज की कंसल्टेंट डाइटिशियन एवं डायबिटीज़ एजुकेटर डॉ. कौसैन हफ़ीज़ ने बताया कि बरसात के मौसम में सबसे अधिक सावधानी हरी पत्तेदार सब्जियों को लेकर बरतनी चाहिए। इनकी सतह पर नमी, मिट्टी, कीड़े और सूक्ष्मजीव आसानी से चिपक जाते हैं, जिससे संक्रमण का खतरा बढ़ जाता है। हालांकि इसका मतलब यह नहीं है कि इन्हें पूरी तरह खाना बंद कर दिया जाए, बल्कि इन्हें सही तरीके से साफ करके और अच्छी तरह पकाकर खाना चाहिए।
![डॉ. कौसैन हफ़ीज़]()
डॉ. कौसैन हफ़ीज़ के अनुसार पालक, मेथी, चौलाई और अन्य पत्तेदार सब्जियों को पहले दो से तीन बार साफ पानी से अच्छी तरह धोना चाहिए। उसके बाद ही उन्हें काटें और पूरी तरह पकाकर खाएँ। इससे उन पर मौजूद गंदगी, कीड़े और सूक्ष्मजीवों का खतरा काफी हद तक कम किया जा सकता है।
डॉ. हफ़ीज़ बताती हैं कि बरसात के मौसम में पत्ता गोभी, फूलगोभी और खीरे जैसी सब्जियों में छोटे कीड़े या गंदगी छिपी हो सकती है। इसलिए इन्हें बिना धोए या कच्चा खाने से बचना चाहिए। यदि इनका सेवन करना हो तो पहले अच्छी तरह साफ करें और जहाँ संभव हो, हल्का पकाकर खाएँ।
डॉ.कोसैन ने बताया, आमतौर पर अंकुरित चना और मूँग को पौष्टिक माना जाता है, लेकिन बरसात में इन्हें लेकर भी सावधानी ज़रूरी है। डॉ. हफ़ीज़ के अनुसार नमी के कारण अंकुरित अनाज में भी संक्रमण की संभावना बढ़ सकती है। इसलिए इस मौसम में इन्हें तैयार करते समय स्वच्छता का विशेष ध्यान रखें।
डॉ. कौसैन हफ़ीज़ ने बताया सुबह गुनगुने पानी के साथ दिन की शुरुआत की जा सकती है। इसमें हल्दी, जीरा या दालचीनी का सीमित मात्रा में उपयोग किया जा सकता है। इन मसालों में प्राकृतिक एंटीमाइक्रोबियल और एंटीफंगल गुण पाए जाते हैं, जो शरीर को संक्रमण से बचाने में मदद कर सकते हैं।
बरसात के मौसम में संतुलित और ताज़ा भोजन सबसे अच्छा विकल्प है। शाकाहारी लोग घर का बना पनीर, दलिया या अन्य पौष्टिक भोजन ले सकते हैं, जबकि मांसाहारी लोग अंडे को अपने नाश्ते में शामिल कर सकते हैं। डॉ. हफ़ीज़ सलाह देती हैं कि जहाँ तक संभव हो, बाज़ार का पनीर खरीदने के बजाय घर पर बनाया गया पनीर इस्तेमाल करें।
डॉ. कौसैन के अनुसार मौसम में मौसमी फल खाए जा सकते हैं, लेकिन अधिक पके हुए फलों से बचना चाहिए। अमरूद जैसे फलों को खाने से पहले अच्छी तरह धोना ज़रूरी है। किसी भी फल को काटने से पहले उसकी बाहरी सतह को साफ पानी से अच्छी तरह धोना चाहिए, ताकि उस पर मौजूद गंदगी और सूक्ष्मजीव हट सकें।
डॉ. कौसैन हफ़ीज़ के अनुसार बच्चों, बुज़ुर्गों और कमज़ोर प्रतिरक्षा वाले लोगों को बरसात में भोजन की स्वच्छता पर विशेष ध्यान देना चाहिए। उन्हें हमेशा ताज़ा, अच्छी तरह पका हुआ और साफ-सुथरा भोजन ही देना चाहिए। उन्होंने बताया कि भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (ICMR) और राष्ट्रीय पोषण संस्थान (NIN) भी बरसात के मौसम में खाद्य पदार्थों को सही तरीके से धोने, पकाने और सुरक्षित रखने की सलाह देते हैं। बरसात के मौसम में किसी भी खाद्य पदार्थ को पूरी तरह छोड़ने के बजाय उसे सुरक्षित तरीके से तैयार करना और संतुलित मात्रा में खाना अधिक ज़रूरी है। थोड़ी-सी सावधानी अपनाकर इस मौसम में संक्रमण के खतरे को कम किया जा सकता है और स्वस्थ रहा जा सकता है।
स्वरूप रानी नेहरू चिकित्सालय, प्रयागराज की कंसल्टेंट डाइटिशियन एवं डायबिटीज़ एजुकेटर डॉ. कौसैन हफ़ीज़ ने बताया कि बरसात के मौसम में सबसे अधिक सावधानी हरी पत्तेदार सब्जियों को लेकर बरतनी चाहिए। इनकी सतह पर नमी, मिट्टी, कीड़े और सूक्ष्मजीव आसानी से चिपक जाते हैं, जिससे संक्रमण का खतरा बढ़ जाता है। हालांकि इसका मतलब यह नहीं है कि इन्हें पूरी तरह खाना बंद कर दिया जाए, बल्कि इन्हें सही तरीके से साफ करके और अच्छी तरह पकाकर खाना चाहिए।
डॉ. कौसैन हफ़ीज़
हरी पत्तेदार सब्जियों को कैसे खाएँ?
पत्ता गोभी, फूलगोभी और सलाद में रखें अतिरिक्त सावधानी
अंकुरित अनाज भी सोच-समझकर खाएँ
दिन की शुरुआत ऐसे करें
बरसात के मौसम में संतुलित और ताज़ा भोजन सबसे अच्छा विकल्प है। शाकाहारी लोग घर का बना पनीर, दलिया या अन्य पौष्टिक भोजन ले सकते हैं, जबकि मांसाहारी लोग अंडे को अपने नाश्ते में शामिल कर सकते हैं। डॉ. हफ़ीज़ सलाह देती हैं कि जहाँ तक संभव हो, बाज़ार का पनीर खरीदने के बजाय घर पर बनाया गया पनीर इस्तेमाल करें।