उल्टे सीधे चक आवंटित होने से किसान गुस्साए

Jitendra TiwariJitendra Tiwari   7 Jun 2017 10:41 AM GMT

उल्टे सीधे चक आवंटित होने से किसान गुस्साएकिसानों की शिकायत सुनते जिलाधिकारी

स्वयं प्रोजेक्ट डेस्क

गोरखपुर। चकबंदी विभाग की ओर किसानों को उल्टे-सीधे चक आवंटित हो रहे हैं, जिसके चलते किसानों में काफी गुस्सा है। पंकज श्रीवास्तव, सीओ चकबंदी ने कहा "खड़ेसरी गाँव का निरीक्षण कर मौके पर जाकर स्थिति को देखी गई और काश्तकारों से बात भी की गई है। चकबंदी में किसी भी किसान के साथ अन्याय नहीं होगा। चकबंदी के कार्य में किसी प्रकार का भेदभाव बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।"

दरअसल, गोला तहसील के बड़हलगंज ब्लॉक अंतर्गत खड़ेसरी ग्राम पंचायत में चकबंदी निर्धारण की प्रक्रिया चल रही है। वर्ष 1995 में खड़ेसरी गाँव का मालियत निर्धारित किया गया था, उस समय यह कृषि योग्य भूमि थी। अब परिस्थिति बदल चुकी है। नगर पंचायत बड़हलगंज से खड़ेसरी गाँव करीब-करीब जुड़ गया है।

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इसके अलावा गाँव में ही मेडिकल कॉलेज शुरू हो गया है और फोरलेन सड़क भी प्रस्तावित है, जबकि चकबंदी अधिकारी वर्ष 1995 के मालियत के अनुसार 2015 में चक निर्धारण की प्रक्रिया अपना रहे हैं। इसको लेकर किसानों में काफी रोष है। फिलहाल किसानों ने डीएम से न्याय की गुहार लगाई है, जिसपर संज्ञान लेते हुए डीएम ने तत्काल प्रभाव से चकबंदी निर्धारण की प्रक्रिया पर रोक लगा दी है।

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