By Gaon Connection
नेपाल से शुल्क-मुक्त रिफाइंड खाद्य तेल के आयात में पिछले दो वर्षों में 17 गुना से अधिक बढ़ोतरी हुई है, जिससे घरेलू खाद्य तेल उद्योग की चिंता बढ़ गई है। इंडियन वेजिटेबल ऑयल प्रोड्यूसर्स एसोसिएशन (IVPA) ने सरकार से SAFTA के तहत आयात नियमों और टैरिफ ढाँचे की समीक्षा की माँग की है। संगठन का कहना है कि बढ़ते आयात से घरेलू रिफाइनिंग उद्योग, तिलहन किसानों, नए निवेश और सरकारी सीमा शुल्क राजस्व पर असर पड़ सकता है।
नेपाल से शुल्क-मुक्त रिफाइंड खाद्य तेल के आयात में पिछले दो वर्षों में 17 गुना से अधिक बढ़ोतरी हुई है, जिससे घरेलू खाद्य तेल उद्योग की चिंता बढ़ गई है। इंडियन वेजिटेबल ऑयल प्रोड्यूसर्स एसोसिएशन (IVPA) ने सरकार से SAFTA के तहत आयात नियमों और टैरिफ ढाँचे की समीक्षा की माँग की है। संगठन का कहना है कि बढ़ते आयात से घरेलू रिफाइनिंग उद्योग, तिलहन किसानों, नए निवेश और सरकारी सीमा शुल्क राजस्व पर असर पड़ सकता है।
By Gaon Connection
तमिलनाडु कृषि विश्वविद्यालय (TNAU) ने आगामी छोटे प्याज़ (शलॉट) की फसल के लिए अच्छी गुणवत्ता वाले उत्पाद का फ़ार्म-गेट मूल्य (खेत से बिक्री का भाव) ₹30-35 प्रति किलोग्राम रहने का अनुमान जताया है। विश्वविद्यालय ने किसानों को बुआई से पहले इस मूल्य पूर्वानुमान को ध्यान में रखने की सलाह दी है। तमिलनाडु देश के छोटे प्याज़ उत्पादन का प्रमुख केंद्र है और श्रीलंका, बांग्लादेश, मलेशिया व नेपाल को बड़े पैमाने पर निर्यात करता है। व्यापारिक सूत्रों के अनुसार, इस सीज़न में निर्यात माँग मज़बूत बनी हुई है।
तमिलनाडु कृषि विश्वविद्यालय (TNAU) ने आगामी छोटे प्याज़ (शलॉट) की फसल के लिए अच्छी गुणवत्ता वाले उत्पाद का फ़ार्म-गेट मूल्य (खेत से बिक्री का भाव) ₹30-35 प्रति किलोग्राम रहने का अनुमान जताया है। विश्वविद्यालय ने किसानों को बुआई से पहले इस मूल्य पूर्वानुमान को ध्यान में रखने की सलाह दी है। तमिलनाडु देश के छोटे प्याज़ उत्पादन का प्रमुख केंद्र है और श्रीलंका, बांग्लादेश, मलेशिया व नेपाल को बड़े पैमाने पर निर्यात करता है। व्यापारिक सूत्रों के अनुसार, इस सीज़न में निर्यात माँग मज़बूत बनी हुई है।
By Gaon Connection
असम में लगातार हो रही भारी बारिश के कारण बाढ़ की स्थिति गंभीर हो गई है। राज्य के 12 ज़िलों में 1.70 लाख से अधिक लोग प्रभावित हुए हैं, जबकि 580 गाँव जलमग्न हैं। 10,362 हेक्टेयर से अधिक कृषि भूमि पानी में डूबने से किसानों को भारी नुकसान की आशंका है। ब्रह्मपुत्र समेत कई नदियाँ ख़तरे के निशान से ऊपर बह रही हैं। राहत एवं बचाव कार्यों के लिए सेना, NDRF और SDRF की टीमें तैनात हैं तथा राज्य सरकार प्रभावित लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुँचाने और हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने में जुटी है।
असम में लगातार हो रही भारी बारिश के कारण बाढ़ की स्थिति गंभीर हो गई है। राज्य के 12 ज़िलों में 1.70 लाख से अधिक लोग प्रभावित हुए हैं, जबकि 580 गाँव जलमग्न हैं। 10,362 हेक्टेयर से अधिक कृषि भूमि पानी में डूबने से किसानों को भारी नुकसान की आशंका है। ब्रह्मपुत्र समेत कई नदियाँ ख़तरे के निशान से ऊपर बह रही हैं। राहत एवं बचाव कार्यों के लिए सेना, NDRF और SDRF की टीमें तैनात हैं तथा राज्य सरकार प्रभावित लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुँचाने और हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने में जुटी है।
By Gaon Connection
उत्तराखंड के काशीपुर से पहली बार 24 मीट्रिक टन फ्रोजन फ्रेंच फ्राइज़ की खेप इराक भेजी गई है। इस निर्यात में एपीडा ने सहयोग किया है। सरकार का मानना है कि इससे उत्तराखंड के मूल्यवर्धित कृषि उत्पादों को नए विदेशी बाज़ार मिलेंगे और किसानों को बेहतर दाम मिलने में मदद मिलेगी। वर्ष 2025-26 में भारत का प्रसंस्कृत सब्ज़ियों का निर्यात भी बढ़ा है। एपीडा राज्य सरकारों और निर्यातकों के साथ मिलकर कृषि उत्पादों के निर्यात और बाज़ार तक पहुँच बढ़ाने पर लगातार काम कर रहा है।
उत्तराखंड के काशीपुर से पहली बार 24 मीट्रिक टन फ्रोजन फ्रेंच फ्राइज़ की खेप इराक भेजी गई है। इस निर्यात में एपीडा ने सहयोग किया है। सरकार का मानना है कि इससे उत्तराखंड के मूल्यवर्धित कृषि उत्पादों को नए विदेशी बाज़ार मिलेंगे और किसानों को बेहतर दाम मिलने में मदद मिलेगी। वर्ष 2025-26 में भारत का प्रसंस्कृत सब्ज़ियों का निर्यात भी बढ़ा है। एपीडा राज्य सरकारों और निर्यातकों के साथ मिलकर कृषि उत्पादों के निर्यात और बाज़ार तक पहुँच बढ़ाने पर लगातार काम कर रहा है।
By Gaon Connection
पंजाब में खरीफ़ 2026 के दौरान डायरेक्ट सीडेड राइस (डीएसआर) के तहत धान की खेती का रकबा 36 प्रतिशत बढ़कर 4 लाख एकड़ से अधिक हो गया है। 31,478 किसानों ने यह तकनीक अपनाई है। सरकार प्रति एकड़ 1,500 रुपये की सहायता दे रही है और लगभग 61 करोड़ रुपये प्रोत्साहन राशि वितरित किए जाने का अनुमान है। डीएसआर तकनीक से 15-20 प्रतिशत तक सिंचाई के पानी की बचत होती है, जिससे भूजल संरक्षण को बढ़ावा मिल रहा है।
पंजाब में खरीफ़ 2026 के दौरान डायरेक्ट सीडेड राइस (डीएसआर) के तहत धान की खेती का रकबा 36 प्रतिशत बढ़कर 4 लाख एकड़ से अधिक हो गया है। 31,478 किसानों ने यह तकनीक अपनाई है। सरकार प्रति एकड़ 1,500 रुपये की सहायता दे रही है और लगभग 61 करोड़ रुपये प्रोत्साहन राशि वितरित किए जाने का अनुमान है। डीएसआर तकनीक से 15-20 प्रतिशत तक सिंचाई के पानी की बचत होती है, जिससे भूजल संरक्षण को बढ़ावा मिल रहा है।
By Gaon Connection
भारत में इस वर्ष मानसून बेहद अस्थिर बना हुआ है। जून में सामान्य से लगभग 40 प्रतिशत कम बारिश हुई, जबकि जुलाई की शुरुआत में कई क्षेत्रों में भारी वर्षा दर्ज की गई। ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के अनुसार, अल नीनो और वैश्विक तापमान वृद्धि इसके प्रमुख कारण हैं। बदलते मानसून का असर खरीफ़ फसलों, किसानों की आय, खाद्य महँगाई और बिजली की मांग पर पड़ने की आशंका है। मौसम के इस बदले स्वरूप ने मानसून के पूर्वानुमान को भी पहले से अधिक चुनौतीपूर्ण बना दिया है।
भारत में इस वर्ष मानसून बेहद अस्थिर बना हुआ है। जून में सामान्य से लगभग 40 प्रतिशत कम बारिश हुई, जबकि जुलाई की शुरुआत में कई क्षेत्रों में भारी वर्षा दर्ज की गई। ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के अनुसार, अल नीनो और वैश्विक तापमान वृद्धि इसके प्रमुख कारण हैं। बदलते मानसून का असर खरीफ़ फसलों, किसानों की आय, खाद्य महँगाई और बिजली की मांग पर पड़ने की आशंका है। मौसम के इस बदले स्वरूप ने मानसून के पूर्वानुमान को भी पहले से अधिक चुनौतीपूर्ण बना दिया है।
By Gaon Connection
महाराष्ट्र सरकार ने किसानों की शिकायतों के निपटारे के लिए तालुका स्तर की शिकायत निवारण समितियों का पुनर्गठन किया है। अब बीज, खाद और कीटनाशकों की गुणवत्ता से जुड़ी शिकायतों की जांच सात दिनों के भीतर पूरी होगी। खेतों का निरीक्षण, पंचनामा और लैब परीक्षण अनिवार्य रहेगा। दोषी कंपनियों और विक्रेताओं के ख़िलाफ़ सख्त कार्रवाई की जाएगी, जबकि अधिक शिकायतों वाले क्षेत्रों में अतिरिक्त समितियां भी बनाई जाएंगी।
महाराष्ट्र सरकार ने किसानों की शिकायतों के निपटारे के लिए तालुका स्तर की शिकायत निवारण समितियों का पुनर्गठन किया है। अब बीज, खाद और कीटनाशकों की गुणवत्ता से जुड़ी शिकायतों की जांच सात दिनों के भीतर पूरी होगी। खेतों का निरीक्षण, पंचनामा और लैब परीक्षण अनिवार्य रहेगा। दोषी कंपनियों और विक्रेताओं के ख़िलाफ़ सख्त कार्रवाई की जाएगी, जबकि अधिक शिकायतों वाले क्षेत्रों में अतिरिक्त समितियां भी बनाई जाएंगी।
By Gaon Connection
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने खेती में AI और ड्रोन तकनीक के इस्तेमाल पर ज़ोर देते हुए कहा कि इससे पानी और उर्वरकों की खपत कम होगी तथा फसलों में रोगों की समय रहते पहचान हो सकेगी। विदर्भ में 1,000 संतरा और 5,000 गन्ना किसानों को AI आधारित खेती से जोड़ने की योजना बनाई गई है। किसानों को आधुनिक तकनीकों का प्रशिक्षण देकर खेती को अधिक लाभकारी और वैज्ञानिक बनाने पर फ़ोकस किया जाएगा।
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने खेती में AI और ड्रोन तकनीक के इस्तेमाल पर ज़ोर देते हुए कहा कि इससे पानी और उर्वरकों की खपत कम होगी तथा फसलों में रोगों की समय रहते पहचान हो सकेगी। विदर्भ में 1,000 संतरा और 5,000 गन्ना किसानों को AI आधारित खेती से जोड़ने की योजना बनाई गई है। किसानों को आधुनिक तकनीकों का प्रशिक्षण देकर खेती को अधिक लाभकारी और वैज्ञानिक बनाने पर फ़ोकस किया जाएगा।
By Gaon Connection
देश में चीनी की कीमतों में जुलाई के दौरान करीब 600 रुपये प्रति क्विंटल तक की बढ़ोतरी हुई है। उत्पादन घटने, कमज़ोर गन्ना फसल, निर्यात और एथेनॉल डायवर्जन से स्टॉक पर दबाव बना है। चालू सीज़न के अंत में शुरुआती स्टॉक 33–35 लाख टन तक सिमट सकता है। हालांकि ISMA और NFCSF का कहना है कि फिलहाल देश में पर्याप्त चीनी उपलब्ध है और जमाखोरी या घबराकर खरीदारी की आवश्यकता नहीं है। उद्योग ने समय से पेराई शुरू कर आपूर्ति बनाए रखने का भरोसा दिया है।
देश में चीनी की कीमतों में जुलाई के दौरान करीब 600 रुपये प्रति क्विंटल तक की बढ़ोतरी हुई है। उत्पादन घटने, कमज़ोर गन्ना फसल, निर्यात और एथेनॉल डायवर्जन से स्टॉक पर दबाव बना है। चालू सीज़न के अंत में शुरुआती स्टॉक 33–35 लाख टन तक सिमट सकता है। हालांकि ISMA और NFCSF का कहना है कि फिलहाल देश में पर्याप्त चीनी उपलब्ध है और जमाखोरी या घबराकर खरीदारी की आवश्यकता नहीं है। उद्योग ने समय से पेराई शुरू कर आपूर्ति बनाए रखने का भरोसा दिया है।
By Gaon Connection
उत्तर प्रदेश सरकार 'भूजल सप्ताह-2026' के तहत जल संरक्षण और भूजल पुनर्भरण को जन आंदोलन बनाने के लिए अभियान चला रही है। 'जल-संवाद' कार्यक्रम में सहजन के बीज और स्कोरिया ज्वालामुखीय चट्टान से पानी शुद्ध करने की तकनीक पर चर्चा हुई। आरओ सिस्टम से निकलने वाले अपशिष्ट जल को बचाने के लिए इस तकनीक पर शोध, प्रोटोटाइप और परीक्षण की तैयारी की जा रही है। साथ ही वर्षा जल संचयन, अपशिष्ट जल पुनर्चक्रण और जनभागीदारी को भी अभियान का अहम हिस्सा बनाया जाएगा।
उत्तर प्रदेश सरकार 'भूजल सप्ताह-2026' के तहत जल संरक्षण और भूजल पुनर्भरण को जन आंदोलन बनाने के लिए अभियान चला रही है। 'जल-संवाद' कार्यक्रम में सहजन के बीज और स्कोरिया ज्वालामुखीय चट्टान से पानी शुद्ध करने की तकनीक पर चर्चा हुई। आरओ सिस्टम से निकलने वाले अपशिष्ट जल को बचाने के लिए इस तकनीक पर शोध, प्रोटोटाइप और परीक्षण की तैयारी की जा रही है। साथ ही वर्षा जल संचयन, अपशिष्ट जल पुनर्चक्रण और जनभागीदारी को भी अभियान का अहम हिस्सा बनाया जाएगा।